संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला। बदलती जीवनशैली, खान-पान में कीटनाशकों का प्रयोग, तनाव और प्रदूषण के कारण महिलाओं में स्तन कैंसर के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। स्थिति यह है कि जिला मुख्यालय स्थित अटल कैंसर केयर सेंटर, अंबाला छावनी में प्रतिदिन 60 से 90 कैंसर मरीज पंजीकरण करा रहे हैं, जिनमें से एक तिहाई मामले स्तन कैंसर से जुड़े हैं। अस्पताल में कीमोथेरेपी, सहायक सुविधाएं और सामान्य जांच की नि:शुल्क व्यवस्था उपलब्ध है।
अटल कैंसर केयर सेंटर की प्रभारी डॉ. पूजा शर्मा ने बताया कि बीते चार वर्षों में सेंटर में स्तन कैंसर के 841 मरीज पहुंच चुके हैं। वहीं इस वर्ष जनवरी से नवंबर तक ही 176 नए स्तन कैंसर पीड़ितों का उपचार शुरू किया जा चुका है। डॉ. पूजा शर्मा के अनुसार, खराब जीवनशैली, तनाव, वातावरण में प्रदूषण और खाद्य पदार्थों में पेस्टीसाइड का बढ़ता प्रयोग स्तन कैंसर के प्रमुख कारणों में शामिल हैं।
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आनुवंशिकी और हार्मोन्स भी बड़ी वजह
कैंसर केयर सेंटर के निदेशक डॉ. यशपाल वर्मा ने बताया कि स्तन कैंसर के कारणों में आनुवंशिक (जेनेटिक्स), जीवनशैली, हार्मोनल बदलाव और कुछ अज्ञात कारण शामिल हैं। यदि परिवार में किसी महिला को यह बीमारी रही है, तो उसकी बहनों और बेटियों में इसके होने की आशंका अधिक रहती है।
अक्तूबर में चलाया जा रहा जागरूकता अभियान
स्तन कैंसर जागरूकता माह के तहत स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्कूल व कॉलेजों में विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य छात्राओं और महिलाओं को शुरुआती लक्षणों की पहचान और समय पर इलाज के प्रति जागरूक करना है, ताकि शुरुआती चरण में ही बीमारी पर काबू पाया जा सके।