अंबाला। मॉल हो या बड़ी दुकानें, हम महंगे दामों में नामचीन कंपनियों का उत्पाद खरीदकर इस्तेमाल करते हैं, क्योंकि हमारा इन उत्पादों पर विश्वास है कि ये ठीक ही होंगे। मगर अंबाला के मोहड़ा गांव में पकड़ी गई फैक्ट्री ने लोगों की सभी भ्रांतियां दूर कर दी हैं।
इनमें ऐसे-ऐसे उत्पाद मिले हैं, जिनको खुद लोग ही नहीं, बल्कि उनके बच्चे तक रोजमर्रा के समय में प्रयोग करते हैं। ऐसे में उनकी सेहत से खिलवाड़ लंबे समय से होता रहा और सरकारी विभागों को इस बात की खबर तक नहीं हुई। हैरानी तो इस बात से होती है कि करीब डेढ़ वर्ष पहले मोहड़ी की इसी फैक्ट्री में नकली कॉस्मेटिक का सामान पकड़ा था।
तब भी यह मामला लोगों के बीच चर्चा का विषय बना था, मगर डेढ़ वर्ष में विभाग चादर तान कर सो गया। क्योंकि ठीक डेढ़ वर्ष बाद इस बार की दबिश में अधिकारियों को पूर्व की तुलना में काफी माल और कच्चा माल बरामद हुआ है।
ऐसे में फैक्ट्री संचालित होती रही और किसी को कानोंकान खबर तक नहीं हुई। वहीं, आरोपियों के हौसले देखो कि एक बार पकड़े जाने के बाद दोबारा से गोरखधंधा खड़ा किया और इस बार बड़े स्तर पर मुनाफा कमाने के लिए नकली उत्पाद बनाकर लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ किया।
शहर से दूर चुनी जगह
आरोपी फैक्ट्री संचालक ने जानबूझ कर फैक्ट्री ऐसे स्थान पर शुरू की, जिस पर कोई शक न कर सके। वहां कोई अधिक आता जाता न हो। मोहड़ा में जिस रास्ते पर यह फैक्ट्री है। वह पास की गोशाला तक जाता है। गोशाला के अलावा यहां सिर्फ यह फैक्ट्री है और आसपास खेत-खलिहान हैं। इसी कारण से इस स्थान को उपयुक्त माना होगा, क्योंकि अधिक किसी का आना-जाना नहीं है। वहीं फैक्ट्री और गोशाला आसपास हैं। ऐसे में देखकर लगता नहीं है कि यह कोई फैक्ट्री होगी, बल्कि गोशाला का ही भवन लगती है। मगर इसी की आड़ में नकली उत्पाद तैयार किए जा रहे थे।
महेश नगर में भी पकड़े थे उत्पादों के बॉक्स
कुछ समय पहले महेश नगर थाना क्षेत्र में हिंदुस्तान यूनी लीवर कंपनी के अधिकारियों ने सीआईए की मदद लेकर एक घर में दबिश दी थी। तब यहां पर घर में कंपनी के उत्पादों के बॉक्स मिले थे। इस मामले में एक व्यक्ति के खिलाफ मामला भी दर्ज किया था। ऐसे में अब दूसरा मामला पकड़ा जाना हर किसी को हैरान कर रहा है।