माई सिटी रिपोर्टर
अंबाला सिटी। जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने फ्लैट का समय पर कब्जा न देने और सेवा में कोताही बरतने पर मेसर्स ओमेक्स लिमिटेड के खिलाफ सख्त फैसला सुनाया है।
आयोग ने कंपनी को आदेश दिया है कि वह शिकायतकर्ता को देरी के हर्जाने के रूप में 1 जनवरी 2024 से 31 मार्च 2025 तक की अवधि के लिए 6,58,807 रुपये 11.05 प्रतिशत वार्षिक ब्याज के साथ अदा करें। मानसिक उत्पीड़न और अदालती कार्यवाही के लिए 8,000 रुपये का मुआवजा तय किया गया। आयोग ने कंपनी को इन निर्देशों का पालन 45 दिनों के भीतर करने का आदेश दिया है। कंपनी ऐसा करने में विफल रहती है, तो उसे पूरी राशि पर 12 प्रतिशत वार्षिक ब्याज देना होगा।
क्या है पूरा मामला : अंबाला सिटी की न्यू मॉडल कॉलोनी निवासी अनुराधा थमन और उनकी सहयोगी तनुश्री रस्तोगी ने 15 मई 2022 को ओमेक्स ग्रीन्स, झारमड़ी (डेराबस्सी) में एक फ्लैट बुक किया था। इसके लिए उन्होंने विभिन्न किस्तों में कुल 44,69,716.18 रुपये कंपनी के पास जमा कराए थे। 13 जुलाई 2022 को हुए विक्रय समझौते के अनुसार, कंपनी ने दिसंबर 2023 तक फ्लैट का भौतिक कब्जा देने का आश्वासन दिया था।