फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

- एमएलसी फीस के लिए 105 के बजाए देने होंगे 250 रुपये

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

अंबाला कैंट।
सरकारी अस्पतालों की सुविधाओं का लाभ उठाना अब आम जनता के लिए महंगा हो गया है। सरकारी रेटों में वृद्धि के नए फरमान के बाद टेस्ट के रेटों से लेकर बेड फीस व एमएलसी आदि के रेटों में बदलाव कर दिए गए है। अगर व्यक्ति के पास बीपीएल कार्ड है तो केवल उन्हें ही राहत मिल रही है। अचानक हुई रेटों में वृद्धि को लेकर मरीजों के समक्ष भी परेशानी खड़ी हो गई है।
स्वास्थ्य विभाग ने सिविल अस्पतालों में कटने वाली एमएलसी की फीस के दामों में भी वृद्धि कर मरीजों की परेशानी बढ़ा दी है। जहां पहले केवल एक सौ पांच रुपये देकर मरीजों की एमएलसी होती थी, अब अस्पताल में एमएलसी के लिए 250 रुपये चुकाने पड़ रहे है। दरअसल, सिविल अस्पताल में सड़क हादसे, पोस्टमार्टम व दुर्घटना के मामलों में एक सौ पांच रुपये फीस लेकर एमएलसी काटी जाती थी। इस संबंध में नए नोटिफिकेशन जारी होने के बाद समस्त सरकारी अस्पतालों में लागू किया गया है। विभाग के अनुसार पहले एमएलसी के कम दाम होने के कारण लोग बिना जरूरत के ही एमएलसी कटवाते दिखाई देते थे। दामों में वृद्धि के बाद मरीज सोच समझ कर ही काम करवाते है।
विज्ञापन

---
अस्पताल में बेड इस्तेमाल की दस रुपये फीस
सिविल अस्पताल का बेड इस्तेमाल पर भी सरकार द्वारा फीस निर्धारित कर दी गई है। जहां पहले मरीज बिना किसी फीस के अस्पताल में उपचार करवा लेता था। अब अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद मरीज से बेड की फीस चुकानी पड़ रही है। जोकि दस रुपये प्रति दिन के हिसाब से रखी गई है। इससे भी अस्पताल में पहुंचने वाले मरीजों पर काफी असर पड़ा है। कई बार अस्पताल में ऐसे मरीज भी दाखिल होते है जिनका बीपीएल कार्ड नहीं बना है। इस नए फरमान से उन्हें पैसे चुकाने पड़ रहे है।
---
दाम में बढ़ोतरी से मुश्किल हो रहा इलाज करवाना
अस्पताल में पहुंचने वाले मरीज अशोक, अनिल, मनीष, अजय का कहना है कि सरकार महंगाई दिनप्रतिदिन बढ़ाती जा रही है, केवल सरकारी अस्पतालों में ही मरीजों को थोड़ी राहत मिलती थी। सरकार ने अस्पतालों के नाम पर भी वसूली शुरू कर दी है। उनका कहना है कि सरकार को देखना चाहिए था कि इस मंहगाई के दौर में उल्टा दाम न बढ़ाकर बल्कि ओर राहत देनी चाहिए थी। एमएलसी के दामों में भी दोगुना वृद्धि से काफी मुसीबत खड़ी हो गई है। अस्पताल में कई टेस्टों के दाम भी बढ़ा दिए गए है।
विज्ञापन

---
सरकार की ओर से नए फरमान के तहत टेस्ट और अन्य सुविधाओं के दामों में वृद्धि हुई है। बीपीएल के लिए उपचार फ्री है। जबकि कई टेस्ट के नए फरमान के बाद रेट भी कम कर दिए गए है।’
- डा. विनोद गुप्ता, सीएमओ, अंबाला
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें