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विज की फटकार का नहीं असर, सिटी सिविल अस्पताल में दो बजते ही डाक्टर गायब

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विज की फटकार का नहीं असर, सिटी सिविल अस्पताल में दो बजते ही डाक्टर गायब
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तरुण अग्रवाल
अंबाला सिटी। स्थान : सिटी का सिविल अस्पताल। समय : बुधवार दोपहर 1.30 बजे। ओपीडी वार्ड में कई कक्षों के सामने मरीज दर्द में भी लाइनों में लगकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं और यही दुआ कर रहे हैं कि डाक्टर के द्वारा लिखी गई दवाई से उनकी सेहत ठीक हो जाएगी। जैसे ही दो बजते हैं, पर्ची पर नंबर डलवाने के बाद भी उन्हें अगले दिन का समय दे दिया जाता है। डाक्टर उन सभी मरीजों को वैसे ही छोड़कर अपने कक्ष से बाहर निकल जाते हैं।
बता दें कि स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने शनिवार को सिविल अस्पताल कैंट में फटकार लगाई थी कि सभी मरीजों को देखने के बाद ही डाक्टर अस्पताल से निकलें। उन्होंने बताया था कि उन्हें काफी समय से शिकायत मिल रही है कि डाक्टर 2.15 बजे के बाद मरीजों को नहीं देखते हैं।
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बुधवार को सिविल अस्पताल में गायनी डाक्टर से अपना इलाज करवाने के लिए आई महिला कैथ माजरी की मनीषा, लक्ष्मी नगर की गीता, भानोखेड़ी की सुनीता ने बताया कि सुबह नौ बजे आकर लाइनों में लग गई थीं। पहले अपनी पर्ची बनवाई, उसके बाद डाक्टर को चेक करवाने के लिए लाइनों में लग गई। लेकिन, दो बजे ही उन्हें डाक्टर के आदेशों पर निर्देश दिया गया कि अब कल आकर अपना इलाज कराएं। नर्स से गंभीर समस्या बताकर अंदर तो प्रवेश कर लिया लेकिन डाक्टर ने उन्हें अपने कक्ष से बाहर भेज दिया।
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यह कहती हैं महिलाएं
9 बजे पर्ची कटने के बाद भी नहीं आया नंबर
कैथमाजरी की मनीषा पाठक ने बताया कि उनकी पर्ची सुबह 9:08 बजे कट गई थी। पांच घंटे तक लाइन में लगी रहीं लेकिन उनका नंबर नहीं आया। जैसे ही दो बजे तो उन्हें कहा गया कि कल दोबारा अस्पताल में आएं। उन्होंने कहा कि 9 बजे पर्ची कटने के बाद भी अगर उनका नंबर नहीं आता है, तो वह कितने बजे अस्पताल पहुंचे कि उनका नंबर दो बजे तक आ जाए।
सिर्फ अल्ट्रासाउंड चेक करवाना था
गीता ने बताया कि वह मंगलवार को डाक्टर से मिलने आई थी, जिसके बाद उन्हें अल्ट्रासाउंड करवाने के लिए कहा गया। वह सुबह से लाइन में लगी हुई है, लेकिन दो बजे तक नंबर नहीं आया। डाक्टर के आदेशों पर उन्हें दो बजते ही घर जाने के लिए कह दिया गया।
इसीलिए लोग निजी अस्पतालों से करवाते हैं अपना इलाज
सविता ने बताया कि 10 बजे उनकी पर्ची पर नंबर डल गया था। उसके बाद भी दो बजे तक उनका नंबर नहीं आया। अगर डाक्टर आज ही उन्हें देख लेते तो अगले दिन कोई टेस्ट होना होता तो उसका समय बच जाता और जो उन्हें तबीयत खराब होने के कारण तकलीफ हो रही है वह अलग।
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कैंट सिविल अस्पताल में डाक्टरों की फटकार के बाद सुधरे हालात
उधर, स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने शनिवार को कैंट सिविल अस्पताल का दौरा करते हुए मरीजों की शिकायत मिलने के बाद फटकार लगाई थी कि जिस भी मरीज की पर्ची कट जाती है, उसको डाक्टर उसी दिन देखकर अपने कक्ष से निकलेगा, चाहे उसके लिए कितना भी समय लगे। इसके बाद से डाक्टर सभी मरीजों को देखकर ही अपने कक्ष से निकालते हैं, लेकिन सिटी अस्पताल के हालात इसके बिल्कुल विपरीत हैं।
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कोट
अगर सिटी सिविल अस्पताल में ऐसा है तो चेक करवाता हूं। मरीजों को कोई परेशानी नहीं आने दी जाएगी।
-अशोक कुमार, सीएमओ, अंबाला।
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