अंबाला सिटी। वन विभाग प्रत्येक वर्ष वन क्षेत्र बढ़ाने के लिए पौधारोपण अभियान चलाता है। मगर दूसरी ओर अपनी ही जमीन को कब्जा मुक्त कराने में धीमी गति से चल रहा है।
वर्तमान में वन विभाग की 226 एकड़ भूमि पर पंचायत और अन्य लोगों का कब्जा है। जिस कारण वन क्षेत्र का विस्तार भी प्रभावित हो रहा है। हालांकि बीते वर्ष विभाग ने वन क्षेत्र बढ़ाया था। मगर अब भी नारायणगढ़ के क्षेत्र में सबसे ज्यादा वन्य क्षेत्र पर कब्जा है।
इस वर्ष के लिए लक्ष्य निर्धारित
इधर सरकार की ओर से वन विभाग को पेड़ लगाने का लक्ष्य निर्धारित कर दिया है। इस वर्ष विभाग की ओर से जिले भर में 22 लाख पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसमें विभाग की जमीन पर नौ लाख 82 हजार 250 पौधे विभाग आरक्षित स्थानों पर लगाएगा। वहीं एक लाख 10 हजार पौधे किसानों की जमीनों पर लगाए जाएंगे। जिसके लिए किसान पौध भी निशुल्क ले सकता है। इसके साथ ही एक लाख 21 हजार पेड़ सड़क के किनारों पर लगाए जाएंगे। इसके अलावा दो लाख 20 हजार सफेदे के लगाए जाएंगे।
नर्सियाें में पौध तैयार
वन विभाग ने पौधरोपण के लिए जिले की 11 नर्सियों में पौध तैयार कर ली है। इसमें अंबाला की जनसुई, नसीरपुर, रामपुर, साहा की अधोया, सोहना, साहा, गगनहेड़ी , नारायणगढ़ की काठेमाजरा, मानकपुर, छोटी बस्सी, बड़ागढ़ नर्सियों में पौध तैयार की जा रही है। मौजूदा समय में नर्सियों में करीब 15 लाख पौध उपलब्ध है। रेंज के अनुसार अंबाला में कुल दो लाख 36 हजार 665 पौध, साहा में एक लाख 67 हजार 146 पौध, नारायणगढ़ में तीन लाख 95 हजार 474 पौध उपलब्ध है।
वर्जन
सरकार के निर्देशों पर ही विभाग की ओर से काम किया जा रहा है। इस वर्ष के निर्धारित लक्ष्य को पूरा किया जाएगा।
-राजेश माथुर, जिला वन अधिकारी अंबाला।