एचटेट : धारा 144 की उड़ी धज्जियां, परीक्षा के दौरान स्कूल गेट पर झुंड बनाकर खड़े रहे लोग
फोटो नंबर 17 से 20
डीसी के आदेशों की नहीं हुई पालना, मूकदर्शक बनी रही पुलिस, नहीं की कार्रवाई
शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई अध्यापक पात्रता परीक्षा, 15476 में से 14676 अभ्यर्थियों ने दी परीक्षा
अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला सिटी। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की ओर से आयोजित अध्यापक पात्रता परीक्षा में धारा 144 की जमकर धज्जियां उड़ीं। यहां परीक्षा केंद्रों के बाहर कई लोग झुंड बनाकर खड़े रहे और वहां मौजूद पुलिस मूकदर्शक बनी रही और लोगों को हटाने की जहमत नहीं की। बता दें कि परीक्षा से पूर्व डीसी ने अधिकारियों की मीटिंग लेते हुए निर्देश दिए थे कि परीक्षा केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में 5 से अधिक लोगों का खड़ा होना मना है, लेकिन इन आदेशों की पालना नहीं हुई और परीक्षा केंद्रो के गेट के बाहर की कई लोग झुंड बनाकर खड़े हुए थे। इसके बाद भी न तो उन लोगों को वहां से हटाया गया और न ही कोई अन्य कार्रवाई की गई।
रविवार को हुई शिक्षक पात्रता परीक्षा दो चरणों में हुई। कुल 15476 में से 14676 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। सुबह अधिक ठंड होने के बाद भी शाम के मुकाबले अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा में भाग लिया। जैसे ही परीक्षा समाप्त हुई तो ट्विनसिटी में जाम की स्थिति बन गई। मौके पर मौजूद पुलिस ने जाम को खुलवाने का प्रयास किया लेकिन 45 मिनट से अधिक तक जाम की स्थिति बनी रही और इस बीच वाहन रेंगते हुए नजर आए। सुबह परीक्षा होने के कारण रात से ही अभ्यर्थियों का अंबाला पहुंचना आरंभ हो गया था। इस कारण अधिकतर रैन बसेरे व होटल फुल रहे। शाम को परीक्षा खत्म होने के बाद दूर-दूर के क्षेत्रों से आए अभ्यर्थियों को बस व ट्रेन मिलने में काफी परेशानी हुई। कई कई घंटों तक इंतजार करने के बाद उन्हें घर पहुंचने के लिए साधन मिल सका।
परीक्षा के लिए सुबह के सत्र में जिले में कुल 25 केंद्र बनाए गए थे। इसमें कुल 7750 अभ्यर्थियों ने परीक्षा देनी थी लेकिन 24 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। वहीं शाम के सत्र के लिए 24 केंद्र बनाए गए थे। इसमें 7429 में से 6950 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी।
पूरी सुरक्षा के बीच शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई परीक्षा
अध्यापक पात्रता परीक्षा के लिए जिले भर के सभी केंद्रों में पुलिस टीम तैनात की गई थी। जहां सभी परीक्षा केंद्रों में हर एक अभ्यर्थी की पूरी चेकिंग करने के बाद परीक्षा हॉल में प्रवेश दिया गया। इसको लेकर ही परीक्षा शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई।