अखिल भारतीय कायस्थ महासभा, कुशीनगर एयरपोर्ट से 14 किमी दूरी पर धुंवाटिकर, रामकोला में 81 फुट की विश्व की सबसे बड़ी चित्रगुप्त भगवान की प्रतिमा को बनाने जा रही है। जो यहीं पर स्थापित होगी। यह मूर्ति कायस्थ समाज के साथ समस्त कलम लेखनी के मानने वालों के लिए समर्पित होगी। यह जानकारी शनिवार को एक होटल में पत्रकार वार्ता के दौरान अखिल भारतीय कायस्थ महासभा के राष्ट्रीय संयोजक मनीष श्रीवास्तव ने दी।
बताया कि, 16 से 21 नवंबर को पांच दिवसीय भगवान चित्रगुप्त महोत्सव का आयोजन भूमि पूजन कार्यक्रम के रूप में किया जा रहा है। 81 फुट भगवान चित्रगुप्त मूर्ति के अलावा 21 महापुरुषों की आदमकद प्रतिमा जिसमें स्वामी विवेकानंद, नेताजी सुभाषचंद्र बोस, राजेंद्र प्रसाद, लाल बहादुर शास्त्री, जयप्रकाश नारायण, शिब्बन लाल सक्सेना, प्रेमचंद, रघुपति सहाय गोरखपुरी, संपूर्णानंद, डॉ. सचिदानंद सिन्हा, शांति स्वरूप भटनागर समेत अन्य महापुरुषों की प्रतिमा स्थापित की जाएगी।
इस दौरान डॉ. लतेंद्र श्रीवास्तव, राकेश श्रीवास्तव, डॉ. पंकज श्रीवास्तव, डॉ. सुधाकर श्रीवास्तव, डॉ. हरिओम बक्शी, आलोक श्रीवास्तव, रतन श्रीवास्तव, कंचन श्रीवास्तव, श्वेता श्रीवास्तव, डॉ. राकेश श्रीवास्तव, रविशंकर, श्याम बिहारी लाल, अनुराग श्रीवास्तव, प्रशांत, तुषार प्रधान आदि मौजूद रहे।