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दिल्ली से 23 हजार रुपये में प्राइवेट एंबुलेंस से जिला अस्पताल आ गया पूरा परिवार

Tue, 28 Apr 2020 11:41 PM IST
शाहरुख खान न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
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फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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गोरखपुर जिला अस्पताल में मंगलवार को इमरजेंसी परिसर में दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल से आया एक परिवार लावारिश हालत में मिला। इसे लेकर अस्पताल परिसर में हड़कंप मच गया। स्वास्थ्य कर्मियों ने इसकी सूचना तत्काल जिला प्रशासन को दी। 
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सीओ कोतवाल बीपी सिंह और जिला अस्पताल के डॉ राजेश कुमार मौके पर पहुंचे। पूछताछ में पता चला कि व्यक्ति दिल्ली से 23 हजार रुपये में प्राइवेट एंबुलेंस तय करके आया है। एंबुलेंस चालक उसे अस्पताल गेट पर ही छोड़कर फरार हो गया है। 

प्रथम दृष्टया जांच में कोरोना संक्रमण की पुष्टि तो नहीं हुई है। लेकिन उसके लीवर में संक्रमण है। पूरे परिवार को 100 बेड के टीबी अस्पताल में क्वांरटीन करा दिया गया है। साथ ही कोरोना जांच का फैसला लिया गया है। 
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जानकारी के अनुसार बांसगांव के भैंसा रानी गांव का रहने वाला एक व्यक्ति अपने पूरे परिवार के साथ दिल्ली में रहता है। वह सफदरजगंज इलाके में कपड़ा धुलाई का काम करता है। व्यक्ति के लीवर में संक्रमण की वजह से उसका दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में इलाज चल रहा था। 

लॉकडाउन में उसने 23 हजार रुपये में प्राइवेट एंबुलेंस तय की। अपनी पत्नी, दो बेटी और तीन साल के पोते के साथ अपने गांव बांसगांव थाना के भैंसा रानी के लिए रवाना हुआ। स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी डॉ. टीएन बर्नवाल ने बताया कि लोग दिल्ली के सफदरजंग से चलकर गांव पहुंचे तो वहां के प्रधान ने इस बात की जानकारी देते हुए सभी को बांसगांव सीएचसी ले गए। 

जहां से जिला अस्पताल भेज दिया गया। उसी एंबुलेंस से लोग जिला अस्पताल आ गए। जिला अस्पताल में डॉ. राजेश कुमार ने जांच करते हुए सबको नंदा नगर स्थित 100 बेड के टीबी अस्पताल में क्वारंटीन कर दिया गया है। 

डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि कोरोना के लक्षण नहीं मिले है। एहतियात के तौर पर क्वारंटीन किया गया है। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कोरोना की जांच कराई जाएगी। 
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पहले दिन ही खुली चौकसी की पोल, स्वास्थ्य विभाग ने उठाए सवाल

बॉर्डर पर हाई अलर्ट के बावजूद गैर प्रदेश की एंबुलेंस बिना जांच के कैसा आ गई। इस पर पहले दिन ही सवाल खड़े हो गए हैं। क्योंकि इसे लेकर सोमवार को सहजनवां के पास बैरियर पर तैनात दरोगा शंभू सिंह और सिपाही नंदलाल, और नंदकिशोर को लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित किया जा चुका है। 

इसके बाद भी बिना जांच के एंबुलेंस दिल्ली से कैसे आ गई। इस पर स्वास्थ्य विभाग ने सवाल खड़े कर दिए है। क्योंकि रविवार को ही उरुवा का एक व्यक्ति एंबुलेंस से दिल्ली के सफरजंग अस्पताल से आ चुका है। वह कोरोना पॉजिटिव मिला था। 
 
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