पूर्वाेत्तर रेलवे का छपरा से गोरखपुर वाया लखनऊ का मुख्य मार्ग आधुनिक तरीके से बनाया गया हैं। इस रूट 120 से 130 किलोमीटर की रफ्तार से ट्रेनें चल सकती है। शुरुआती दौर में वंदे भारत को भी 120 से 130 किलोमीटर घंटे की रफ्तार से चलाने की योजना है। रैक आने के बाद इसका ट्रॉयल इसी रूट पर किया जाएगा।
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वंदे भारत की अधिकतम गति सीमा 180 किलोमीटर प्रतिघंटा है। यह महज 52 सेकेंड में 100 किलोमीटर की रफ्तार पकड़ लेती है। इसमें वाई-फाई के साथ 32 इंच की स्क्रीन रहेगी। एग्जीक्यूटिव कोच में 180 डिग्री सीटें भी घूमने वाली होंगी।
पूर्वाेत्तर रेलवे सीपीआरओ पंकज कुमार सिंह ने कहा कि पूर्वाेत्तर रेलवे सुरक्षित यात्रा के लिए कृतसंकल्पित है। इसके लिए लगातार रेलवे बदलाव भी कर रहा है। लखनऊ-गारेखपुर रेल खंड की गति बढ़ाने के लिए सीबीएस पर काम भी तेज हो रहा है। आने वाले समय में पूर्वाेत्तर रेलवे अधिक तेज स्पीड वाली ट्रेनें भी चलाएगा।