आम बजट पर शहर के लोगों की मिली जुली राय है। उनका कहना है कि टैक्स दरों में बदलाव से नौकरी पेशा को राहत मिलेगी। जो धनराशि बचेगी, उससे घर और परिवार का बेहतर विकास किया जा सकेगा।
मध्यवर्गीय परिवारों को सौगात
टैक्स दरों में कटौती करके मध्य वर्गीय परिवारों को बड़ी राहत दी गई है। अब सालाना पांच लाख रुपये की कमाई पर कोई टैक्स नहीं लगेगा। जो धनराशि टैक्स में चली जाती थी, वह सीधे बच जाएगी। खेती-किसानी के लिए सरकार ने खजाना खोल दिया है।
रामनाथ गुप्ता, अंबेश्वरी पैलेस
किसानों की आय बढ़ेगी, तभी सब ठीक होगा
समाज के हर तबके के विकास और सुविधा को ध्यान में रखकर बजट पेश किया गया है। यह विकास बढ़ाने वाला है। देश की अर्थव्यवस्था को निश्चित मजबूती मिलेगी। बजट में गांव, गरीब और किसानों के लिए बहुत कुछ है। गांव से ही देश की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी। जब किसान की आय बढ़ेगी, तभी सबकुछ ठीक होगा। मोदी सरकार सही राह पर है।
ऋषि आनंद चौधरी, तुर्कमानपुर
हर जिले में मेडिकल कॉलेज खोलने का प्रयास सराहनीय
शिक्षा, चिकित्सा और खेती-किसानी के लिहाज से बजट शानदार है। सारी कवायद कमजोर तबके के उत्थान की है। आयुष्मान योजना के विस्तार और हर जिले में मेडिकल कॉलेज खोलने का एलान सराहनीय है। बेहतर चिकित्सा की जरूरत समाज के हर वर्ग को है। टैक्स दरों में बदलाव से सरकारी, गैर सरकारी कर्मियों को राहत मिली है।
डॉ. शैलेंद्र नारायण दुबे, अंबेश्वरी पैलेस
बजट में आम आदमी को राहत देने की कोशिश
आम आदमी को राहत मिले, ऐसी कोशिश बजट में की गई है। टैक्स दरों में बदलाव इसी का एक हिस्सा है। खेती करने वाला हर किसान जरूरतमंद होता है। किसान की आय बढ़े, इस दिशा में सरकार ने काफी योजनाएं बनाई हैं। इसके सकारात्मक नतीजे सामने आ सकते हैं।
डॉ. रमेश सिंह, प्राचार्य, इंदिरा गांधी डिग्री कॉलेज