पुलिस के अनुसार गिरोह का सगरना राजकुमार काफी शातिर किस्म का है। उसने खुद बताया कि झांसा देकर पासवर्ड देखने के बाद मौका मिलते ही एटीएम बदलकर खाते से रकम उड़ा देते थे। पांच दिसंबर 2020 को बैंक ऑफ बड़ौदा भानपुर के एटीएम से हेराफेरी कर भागते वक्त हेमंत चौधरी समेत दो को पुलिस ने पकड़ लिया था। मगर चकमा देकर राजकुमार भाग निकला था।
शातिरों का आपराधिक इतिहास
पकड़ में आए दोनों शातिरों का आपराधिक इतिहास की जानकारी देते हुए सीओ रुधौली ने बताया कि राजकुमार उर्फ राजू राणा के खिलाफ जिले के पैकोलिया, कोतवाली, नगर, कप्तानगंज और सोनहा थाने में लूट, चोरी, हत्या के प्रयास, धोखाधड़ी व अन्य धाराओं में कुल 14 मुकदमे हैं।
गोंडा में लूट व सिद्धार्थनगर में धोखाधड़ी व चोरी के चार केस दर्ज हैं। हेमंत जायसवाल उर्फ छोटू के खिलाफ सिद्धार्थनगर के इटवा, बांसी, डुमरियागंज व त्रिलोकपुर थाने में लूट व अन्य धाराओं में आधा दर्जन मुकदमे दर्ज हैं। वह डुमरियागंज थाने का गैंगस्टर है। बस्ती के सोनहा थाने में उसके खिलाफ हत्या के प्रयास, धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में तीन मुकदमे दर्ज हैं।
इस टीम को मिली कामयाबी
टीम में प्रभारी निरीक्षक सोनहा अशोक कुमार सिंह, प्रभारी स्वाट टीम विनोद कुमार यादव, प्रभारी सर्विलांस सेल जितेन्द्र सिंह के साथ थाने के एसआई ओम प्रकाश मिश्र, कांस्टेबल सौरभ यादव, अजय कुमार, राकेश यादव, सुभेन्द्र तिवारी, स्वॉट टीम के हेड कांस्टेबल महेन्द्र यादव, मनोज राय, मानिन्द्र प्रताप चन्द, कांस्टेबल अभिषेक कुमार तिवारी, देवेन्द्र निषाद, सर्विलांस के हेड कांस्टेबल अनिल कुमार, कांस्टेबल जितेन्द्र यादव व संतोष यादव शामिल रहे।