उन्होंने कहा कि एक विद्यार्थी को जानने, सीखने की लालसा सदैव जीवित रखनी चाहिए। जीवन में न तो ज्ञान की कोई सीमा है, और न ही सीखने की कोई उम्र। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत, सर्वाधिक संभावना वाला देश बना है। इसके पूर्व कुलपति प्रो. राजेश सिंह ने गोल्ड मेडलिस्टों एवं उपाधि धारकों को सत्य बोलने, दायित्व का निर्वहन करने, राष्ट्रहित सर्वोपरि मानने और अनुशासित जीवन जीने के लिए प्रतिज्ञा दिलाई। कार्यक्रम का संचालन प्रो. अनुभूति दुबे ने किया।
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उन्होंने कहा कि एक विद्यार्थी को जानने, सीखने की लालसा सदैव जीवित रखनी चाहिए। जीवन में न तो ज्ञान की कोई सीमा है, और न ही सीखने की कोई उम्र। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारत, सर्वाधिक संभावना वाला देश बना है। केवल अमेरिका ही नहीं, बल्कि सारे देशों ने यह माना है कि आज हम विश्व की पांचवीं अर्थव्यवस्था बन गए हैं। आगे ऐसे ही कार्य करते रहे तो जल्द ही विश्व की दूसरी बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएंगे।