गोरखपुर। दहेज के लिए प्रताड़ित करने और दहेज हत्या के मामले में दोष सिद्ध होने पर अपर सत्र न्यायाधीश सुदेश कुमार ने राजघाट थाना क्षेत्र के तुर्कमानपुर विहारी टोला निवासी सास गिरजा देवी को 10 साल के कठोर कारावास और 13 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। वहीं पति बबलू को दो साल के कारावास और आठ हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया गया है।
अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता ने न्यायालय में पक्ष रखा। उन्होंने बताया कि वादिनी माधुरी ने अपनी बेटी रिंकी की शादी छह मई 2018 को अभियुक्त बबलू से की थी। आरोप था कि शादी के बाद से ही पति और सास अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर रिंकी को प्रताड़ित करने लगे। शादी के एक महीने बाद ही आरोपियों ने मिट्टी का तेल डालकर रिंकी को जला दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। मामले में सुनवाई के बाद अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषी पाते हुए सजा सुनाई।