- रास्ते में बने पिलर को लेकर 2025 में हुआ था विवाद, दोनों पक्षों पर दर्ज हुई थी प्राथमिकी
- पंचायतों में भी नहीं सुलझ सका मामला, दोनों के खिलाफ कोर्ट में पुलिस दाखिल कर चुकी है चार्जशीट
गोरखपुर। सिकरीगंज के ढखवा बाजार में जमीन के पुराने विवाद को लेकर हुई पिंटू की हत्या के मामले में पुलिस जांच के दौरान दुश्मनी की गहरी जड़ें सामने आ रही हैं। शुरुआती जांच में पता चला है कि दोनों पक्षों के बीच यह विवाद अचानक नहीं हुआ था बल्कि करीब एक वर्ष से रंजिश लगातार पनप रही थी। समय-समय पर तनाव बढ़ता रहा लेकिन समाधान नहीं निकल सका। आखिरकार यही दुश्मनी खूनी संघर्ष में बदल गई।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, वर्ष 2025 में भी दोनों पक्षों के बीच रास्ते में बने एक पिलर को लेकर गंभीर विवाद हुआ था। बताया जाता है कि विवादित जमीन से गुजरने वाले रास्ते में लगाए गए पिलर को हटाने को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए थे। उस समय विवाद इतना बढ़ गया था कि मारपीट की नौबत आ गई थी। घटना के बाद दोनों पक्षों की ओर से प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने उस मामले में चार्जशीट भी कोर्ट में दाखिल कर दी थी।
एसपी दक्षिणी दिनेश कुमार पुरी का कहना है कि विवाद के बाद कई बार पंचायत और समझौते की कोशिशें हुईं। गांव के जिम्मेदार लोगों और दोनों परिवारों के शुभचिंतकों ने आपसी सहमति से मामला सुलझाने का प्रयास किया लेकिन कोई नतीजा नहीं निकल सका। बाहर से भले ही मामला शांत दिखता रहा लेकिन अंदर ही अंदर दोनों पक्षों के बीच तनाव बना हुआ था।
जांच में यह भी सामने आया है कि पिछले विवाद के बाद दोनों पक्ष एक-दूसरे के प्रति लगातार आक्रोश रखते थे। पुलिस अब पुराने मुकदमों, पंचायतों और विवाद से जुड़े सभी तथ्यों को खंगाल रही है, ताकि हत्या के पीछे की पूरी पृष्ठभूमि स्पष्ट हो सके।
ग्रामीणाें का कहना था कि यदि पुराने विवाद का समय रहते समाधान हो जाता तो शायद यह रंजिश इतनी गंभीर स्थिति तक नहीं पहुंचती। फिलहाल पुलिस हत्या के मामले में सभी पहलुओं को जोड़कर जांच आगे बढ़ा रही है और पुराने विवाद को भी केस की अहम कड़ी मान रही है।