हैंडहेल्ड मशीन से प्रोब जोड़कर दर्ज की जाएगी मीटर की वास्तविक रीडिंग
मुख्य अभियंता खुद मीटर रीडरों के साथ घरों में जाकर करेंगे जांच
गोरखपुर। बिजली उपभोक्ताओं को गलत बिल से राहत दिलाने के लिए इलेक्ट्रानिक मीटरों की रीडिंग अब प्रोब आधारित व्यवस्था से कराई जाएगी। सोमवार को मुख्य अभियंता लोकेंद्र बहादुर सिंह ने अपने कार्यालय में जिले के तीनों अधीक्षण अभियंता और मीटर रीडिंग कराने वाली कंपनी के अधिकारियों के साथ बैठक कर इस संबंध में निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि मीटर रीडर अब मनमाने तरीके से रीडिंग दर्ज नहीं कर सकेंगे। हैंडहेल्ड मशीन में प्रोब जोड़कर उसे सीधे मीटर से कनेक्ट किया जाएगा। इससे मीटर में दर्ज वास्तविक रीडिंग मशीन में स्वत: दर्ज हो जाएगी और उसी के आधार पर बिल तैयार होगा। अभी प्रोब का इस्तेमाल नहीं होने से कई बार मीटर रीडर खुद रीडिंग दर्ज कर देते हैं, जिससे गलत बिल बनने की शिकायतें आती हैं।
मुख्य अभियंता ने कहा कि वह खुद भी मीटर रीडरों के साथ उपभोक्ताओं के घर जाकर रीडिंग कराएंगे। सभी अभियंता भी इस प्रक्रिया में शामिल होंगे। यदि किसी मीटर में प्रोब नहीं लग पा रहा है तो उसे बदलवाया जाएगा।