गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की प्रथम वरीयता की मतगणना में शर्मा गुट के प्रत्याशी ध्रुव कुमार त्रिपाठी 928 वोटों से आगे हैं। ध्रुव को प्रथम वरीयता के 8730 वोट मिले हैं। गुरुवार की रात आठ बजे के बाद से दूसरे वरीयता के मतों की गणना शुरू हुई है। अब दूसरे वरीयता की मतगणना से ही जीत-हार का फैसला होगा।
वित्त विहीन शिक्षक महासंघ के प्रत्याशी अजय सिंह को प्रथम वरीयता के 7876 वोट मिले हैं। वह दूसरे स्थान पर हैं। प्रथम वरीयता में सपा प्रत्याशी अवधेश यादव को 2438 मत मिले हैं। कांग्रेस प्रत्याशी नागेंद्र दत्त त्रिपाठी को प्रथम वरीयता में 131 मत ही मिल पाए हैं।
शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की मतगणना बृहस्पतिवार को सुबह आठ बजे से गोरखपुर विश्वविद्यालय के वाणिज्य संकाय भवन में शुरू हुई। पहले बैलेट पेपर मिलाए गए, फिर वैध व अवैध मतों की छंटनी की गई है। शाम चार बजे के बाद 14 हजार मतों की गणना शुरू हुई तो शर्मा के प्रत्याशी ध्रुव कुमार त्रिपाठी और वित्त विहीन शिक्षक महासंघ के प्रत्याशी अजय सिंह के बीच कांटे का मुकाबला देखने को मिला।
प्रथम वरीयता के पहले चक्र की गणना शाम छह बजे तक पूरी हो सकी। पहले चक्र में ही ध्रुव कुमार त्रिपाठी ने करीब 100 वोटों से बढ़त बना ली। प्रथम वरीयता के ही 14 हजार से ज्यादा मतों की गणना शाम छह बजे के बाद शुरू हुई, जो रात आठ बजे तक चलती रही।
1277 वोट रद
प्रथम वरीयता के मतगणना की अंतिम रिपोर्ट आई तो शर्मा गुट के प्रत्याशी को 928 वोटों की बढ़त मिल गई लेकिन जीत नहीं मिल सकी। ध्रुव को कुल पड़े मतों का 51 फीसदी वोट नहीं मिल सके। लिहाजा, दूसरे वरीयता के मतों की गणना शुरू हुई है।
दूसरे वरीयता के मतों की गणना देररात तक चलेगी। अब दूसरे वरीयता की मतगणना से ही जीत या फिर हार का फैसला होगा। बहरहाल, प्रथम वरीयता की मतगणना में तीसरा स्थान अटेवा समर्थित राजीव यादव को मिला है। राजीव को 3164 वोट मिले हैं, जो कि सपा व कांग्रेस प्रत्याशी से ज्यादा हैं।
शिक्षक एमएलसी का चुनाव एक दिसंबर को हुआ था। पांच मंडलों के 17 जिलों में 198 केंद्रों पर मतदान कराए गए। रिटर्निंग आफिसर व कमिश्नर जयंत नार्लिकर के मुताबिक चुनाव में 28 हजार 802 वोट पड़े थे। इसमें से 1277 वोट अवैध पाए गए हैं। वैध 27 हजार 625 मतों की गणना हुई है।
शिक्षकों ने संभलकर नहीं डाले वोट
शिक्षक एमएलसी की मतगणना से पता चला कि शिक्षकों ने संभलकर मतदान नहीं किया है। चुनाव आयोग ने वैध वोटिंग को लेकर तमाम जागरूकता अभियान चलाया। प्रत्याशी व उनके प्रतिनिधियों से बैठक भी की। सबको बताया गया कि सिर्फ प्रत्याशी के नाम के आगे रिटर्निंग आफिसर के स्केच पेन से एक, दो या फिर तीन लिखना है लेकिन ऐसा नहीं हो सका। 1277 शिक्षक ऐसे रहे, जिन्होंने एक लिखने से पहले जीरो लगा दिया था। वरीयता लिखने के साथ बैलेट पेपर पर सही का निशान लगा दिया था। गोला बनाकर छोड़ दिया था। नतीजा रहा कि इतने शिक्षकों का मत रद कर दिया गया।
प्रथम वरीयता में मिले मत
प्रत्याशी प्राप्त मत
ध्रुव कुमार त्रिपाठी 8730
अजय सिंह 7876
राजीव यादव 3164
अवधेश कुमार यादव 2438
नागेंद्र दत्त त्रिपाठी 131
अनिल कुमार गौतम 59
अनिल कुमार श्रीवास्तव 60
अरुण सिंह 233
देशबंधु शुक्ला 207
नरेंद्र सिंह 1486
नागेंद्र प्रताप सिंह 503
रमेश कुमार विमल 233
राम प्रताप राम 581
रामजन्म सिंह 613
लाल बहादुर यादव 228
विभ्राट चन्द कौशिक 523