गोरखपुर। दशहरा पर गोरखनाथ मंदिर से मानसरोवर पोखरा और रामलीला मैदान तक निकलने वाली मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की शोभायात्रा की सुरक्षा के लिए पुलिस ने व्यापक इंतजाम किए हैं। सुरक्षा में पुलिस अधिकारियों, निरीक्षकों, उपनिरीक्षकों और आरक्षियों समेत 1,100 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी। इसके अलावा दो कंपनी पीएसी, एंटी ड्रोन सिस्टम और ड्रोन से निगरानी की व्यवस्था रहेगी। जमीन से लेकर आसमान तक निगरानी के लिए शोभायात्रा मार्ग पर 200 से अधिक मकानों और छतों पर पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई जाएगी।
गोरखनाथ थाने में एसएसपी ने मुख्यमंत्री सुरक्षा टीम और जिले के पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक कर सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। बैठक में अधिकारियों को उनकी जिम्मेदारियां सौंपी गईं। इसके बाद शोभायात्रा मार्ग पर रिहर्सल कर सुरक्षा इंतजामों को परखा गया। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि सभी पुलिसकर्मियों को समय से ड्यूटी की जानकारी देकर ब्रीफ कर दिया जाए, ताकि आयोजन के दौरान किसी तरह की चूक न हो।
शोभायात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी के लिए पांच पुलिस अधीक्षक स्तर के अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। इनके अलावा 16 क्षेत्राधिकारी, 40 निरीक्षक, प्रभारी निरीक्षक और थानाध्यक्ष और 130 उपनिरीक्षक तैनात रहेंगे। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए 770 से अधिक आरक्षी और महिला आरक्षियों की भी ड्यूटी लगाई गई है। इस तरह विभिन्न श्रेणियों के पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की संख्या 1,100 से अधिक होगी। इसके अलावा दो कंपनी पीएसी भी सुरक्षा में तैनात रहेगी।
200 से अधिक छतों से रहेगी पुलिस की नजर
शोभायात्रा मार्ग के आसपास स्थित 200 से अधिक मकानों और छतों पर पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी। इसके साथ ही एंटी ड्रोन सिस्टम और ड्रोन के जरिए निगरानी की व्यवस्था रहेगी। सुरक्षा एजेंसियां शोभायात्रा मार्ग के आसपास की गतिविधियों पर नजर रखेंगी। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी करें और तैनात पुलिसकर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दें।
यातायात व्यवस्था के लिए 200 से अधिक पुलिसकर्मी
शोभायात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था संभालने के लिए 200 से अधिक यातायात पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी। गोरखनाथ मंदिर से शोभायात्रा निकलने के दौरान मार्ग पर चारपहिया वाहनों का आवागमन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। यह व्यवस्था शोभायात्रा समाप्त होने तक प्रभावी रहेगी। यातायात पुलिस को निर्देश दिया गया है कि श्रद्धालुओं की आवाजाही और शोभायात्रा के सुचारु संचालन को ध्यान में रखते हुए यातायात प्रबंधन किया जाए।
रिहर्सल में परखी गई सुरक्षा व्यवस्था
सुरक्षा तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए पुलिस अधिकारियों ने शोभायात्रा मार्ग पर रिहर्सल किया। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था, पुलिसकर्मियों की तैनाती और अधिकारियों की जिम्मेदारियों की समीक्षा की गई। एसएसपी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि ड्यूटी में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी संबंधित अधिकारियों को समय से अपने-अपने क्षेत्र में पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया है।