गोरखपुर विश्वविद्यालय के गेट पर पहुंचे सपा कार्यकर्ता।
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समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के आह्वान पर मंगलवार की रात करीब 9:30 बजे अचानक बड़ी संख्या में पार्टी नेता व कार्यकर्ता गोरखपुर यूनिवर्सिटी के मुख्य द्वार पर एकत्रित हो गए। यूनिवर्सिटी के पांच भवनों में ही स्ट्रांग रूम बनाकर जिले की सभी विधानसभाओं की ईवीएम रखी गई हैं। मतगणना भी वहीं होनी है।
सपा कार्यकर्ताओं ने बाकायदा वीडियो बनाया और उसे शीर्ष नेतृत्व को जारी किया। वहीं, बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं को जुटते देखकर पुलिस भी मुस्तैद हो गई। पुलिस ने यूनिवर्सिटी का मुख्य गेट बंद कर दिया। खबर लिखे जाने तक सपाई गेट पर ही जमे रहे। बता दें कि ईवीएम, पैरामिलिट्री फोर्स व पुलिस के त्रिस्तरीय सुरक्षा घेरे में रखी गई है। सीसीटीवी से भी निगरानी हो रही है। वहीं, प्रत्याशी या उनके एजेंट भी रखवाली के लिए 8—8 घंटे की शिफ्ट में तैनात हैं।
दरअसल, मंगलवार की रात अखिलेश यादव ने आह्वान किया कि सपा नेता, कार्यकर्ता ईवीएम की लगातार निगरानी करें। भाजपा, सत्ता में होने का लाभ उठाकर ईवीएम से छेड़छाड़ कर सकती है। इसके बाद कार्यकर्ता मतगणना स्थल पहुंचे। इसके बाद सपा के ग्रामीण विधानसभा के प्रत्याशी विजय बहादुर यादव समेत तमाम नेता वहां पहुंच गए। खबर लिखे जाने तक कई नेता-कार्यकर्ता यूनिवर्सिटी के बाहर जमे रहे।
भाजपा किसान मोर्चा उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष कामेश्वर सिंह ने कहा कि यदि मुलायम सिंह यादव 2012 में चुनाव जीतते हैं, 2007 में मायावती जीतती हैं तो सब ठीक और भाजपा जीते तो सब खराब। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का बयान उनके दोहरे चरित्र को दर्शाता है। वह जनादेश को स्वीकार करें। यह आम लोगों को मूर्ख बनाने का प्रयास है। यह जनता है सब जानती है।