गोरखपुर। विधानसभा निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण के तहत भारत निर्वाचन आयोग से नियुक्त विशेष रोल प्रेक्षक एवं केंद्र सरकार के सहकारिता मंत्रालय के संयुक्त सचिव सिद्धार्थ जैन ने मंगलवार को गोरखपुर ग्रामीण एवं सहजनवां विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न बूथों का निरीक्षण किया। इस दौरान डीएम ने कहा कि छह लाख मतदाता नाम कटने वाली सूची में हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि बीएलओ और राजनीतिक दल दोबारा सत्यापन कर लें ताकि कोई पात्र छूटने न पाए।
निरीक्षण के बाद विशेष रोल प्रेक्षक ने कलेक्ट्रेट सभागार में राजनीतिक दलों के अध्यक्षों, पदाधिकारियों एवं प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। बैठक की अध्यक्षता करते हुए डीएम दीपक मीणा एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि मतदाता गणना प्रपत्रों का शत-प्रतिशत डिजिटाइजेशन पूर्ण कर लिया गया है। जिले में कुल 72 फीसदी मैपिंग यानी मतदाता सूची में नाम बूथ मतदान केंद्र के हिसाब से कर लिया गया है। इसमें गोरखपुर ग्रामीण में सबसे कम 41 प्रतिशत और इसके बाद शहर में 57 प्रतिशत है। यहां काम तेज करने को कहा गया है।
उन्होंने बताया कि करीब छह लाख मतदाताओं का नाम कटने वाली सूची में डाला गया है। इसमें 1.36 लाख मृतक और तीन लाख मतदाता ऐसे हैं जो पते पर नहीं मिले, कहीं और शिफ्ट हो गए हैं। बीएलओ और राजनीतिक दलों से कहा कि मतदाता सूची के आधार पर ऐसे मतदाताओं का सत्यापन करें लें ताकि कोई भी पात्र मतदाता छूटने न पाए।
बैठक में बताया गया कि अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृतक एवं डुप्लिकेट मतदाताओं की सूची आयोग के निर्देशानुसार बीएलओ एवं बीएलए के बीच साझा की जा रही है। जिन दलों ने अब तक बीएलए की सूची नहीं दी है, उनसे शीघ्र उपलब्ध कराने को कहा गया है। बैठक में संबंधित अधिकारी एवं राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।