गोला कस्बे में सोने-चांदी की दुकान से लूट का पर्दाफाश, तमंचा व गहने बरामद
सहारनपुर के देवबंद और बिहार के मुजफ्फरपुर के परमपुरा के रहने वाले हैं पकड़े गए आरोपी
गोरखपुर। गोला कस्बा स्थित सोने-चांदी की दुकान से हुई लूट की वारदात का पुलिस ने बुधवार तड़के मुठभेड़ के बाद पर्दाफाश कर दिया। पुलिस की जवाबी फायरिंग में दो बदमाशों के पैर में गोली लगी, जबकि उनके तीन अन्य साथियों को गिरफ्तार कर लिया गया। दोनों घायल बदमाश सहारनपुर के हैं। पुलिस के मुताबिक देवबंद कस्बे के मेहंदी हसन और रेहान को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। अस्पताल में इलाज के बाद बदमाशों को कोर्ट में पेश किया गया जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
एसपी साउथ दिनेश कुमार पुरी के अनुसार, बुधवार सुबह करीब पांच बजे हरपुर धुरियापार चीनी मिल के पास स्थित पावर हाउस के पास गश्त के दौरान दो बाइक पर सवार पांच संदिग्ध युवक आते दिखे। रोकने का इशारा करने पर बदमाश पुलिस पर फायरिंग करते हुए भागने लगे। जवाबी कार्रवाई में घेराबंदी कर पुलिस ने फायरिंग की, जिसमें सहारनपुर के देवबंद कस्बा निवासी मेहंदी हसन के बाएं पैर और रेहान के दाएं पैर में गोली लगी। घटना में शामिल अन्य तीन आरोपियों सहारनपुर के देवबंद कस्बा निवासी सागिर अली, मुस्तफा और मुजफ्फरपुर के परमपुरा (मेहंदी हसन चौक) निवासी अफजल अली को भी घेराबंदी कर मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस के मुताबिक, इन बदमाशों की ओर से की गई लूट का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा था। पुलिस ने बताया कि मुठभेड़ में घायल बदमाशों के पास से लूट के चार जोड़ी आभूषण (कान के झाले), चांदी की एक अंगूठी, पांच मोबाइल फोन, 16890 रुपये नकद, दो बाइक, दो तमंचा और कारतूस बरामद किए गए हैं।
-
चश्मा बेचने के बहाने करते थे रेकी, नंबर प्लेट बदलकर करते थे वारदात
पुलिस की पूछताछ में सामने आया कि पकड़े गए आरोपी आजमगढ़, मऊ, बस्ती, मुजफ्फरपुर, बस्ती, देवरिया समेत आसपास के जिलों में चश्मा बेचने के बहाने बाइक से गली-गली घूमकर पहले रेकी करते थे। इसके बाद बाइक की नंबर प्लेट बदलकर वारदात को अंजाम देते थे। पुलिस के अनुसार, ये लोग तीन दिन पहले ही देवरिया आए थे। वहां किराए के मकान में रहते थे। वहां से गोरखपुर आकर उन्होंने गोला में लूटकांड को अंजाम दिया था। पुलिस के मुताबिक, इस लूटकांड में पांच आरोपी शामिल थे। वारदात के वक्त रेहान और मेहंदी हसन दुकान गए थे, जबकि दो बाइक पर बैठकर इंतजार कर रहे थे। उनका एक साथी रेकी कर रहा था। सीसीटीवी कैमरे की मदद से सभी आरोपियों की पहचान की गई थी।
रेहान पर पहले से दर्ज हैं कई मामले
पुलिस अभिलेखों के अनुसार, पकड़े गए रेहान अली का आपराधिक इतिहास अधिक विस्तृत पाया गया है। गोरखपुर के ताजा मामलों के अतिरिक्त उसके खिलाफ थाना तितावी, मुजफ्फरनगर में चोरी व आर्म्स एक्ट और सहारनपुर में एनडीपीएस एक्ट के तहत वर्ष 2017 में भी मामला दर्ज है। अफजल अली, मेहंदी हसन, शाकिर अली और मुस्तफा का आपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है।
मुठभेड़ में शामिल टीम को मिलेगा इनाम
इस कार्रवाई में क्षेत्राधिकारी दरवेश कुमार, थाना प्रभारी राकेश रोशन सिंह, एसआई राकेश सिंह, आशीष यादव, विवेक सिंह, जितेंद्र कुमार, आनंद कुमार, राजेंद्र सिंह सहित कांस्टेबल सद्दाम हुसैन, साहिल, कमलेश यादव, विजय पासवान, अशोक कुमार और अमित यादव शामिल रहे।