मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सभी विकास कार्य समय पर और गुणवत्तापूर्ण तरीके होने चाहिए। गोरखपुर-वाराणसी फोरलेन की धीमी प्रगति पर सीएम ने नाराजगी जताई और सितंबर तक हाल में पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने बताया कि आयुष विश्वविद्यालय का शिलान्यास राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद करेंगे। इसके लिए उनकी सहमति मिल गई है।
दो दिवसीय दौरे पर आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार शाम गोरखनाथ मंदिर में प्रशासनिक एवं विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। इस दौरान मुख्यमंत्री को बताया गया कि मोहद्दीपुर-जंगल कौड़िया सड़क के चौड़ीकरण का काम सितंबर माह तक पूरा कर लिया जाएगा। असुरन मेडिकल कालेज फोरलेन का काम एक महीने में पूरा हो जाएगा।
सीएम ने कहा कि गोरखपुर जिले का काम अगस्त तक हर हाल में पूरा हो जाना चाहिए। नौसड़-पैडलेगंज सिक्स लेन की प्रगति की समीक्षा के दौरान उन्होंने बारिश से पहले जरूरी कार्य पूरा कर लेने का निर्देश दिया। वहीं, गोरखपुर-वाराणसी फोरलेन के निर्माण में 11 सौ श्रमिकों को लगाए जाने की जानकारी दिए जाने पर इनकी संख्या में बढ़ोतरी करने का निर्देश दिया।
सीएम ने कहा कि परियोजनाओं के तहत जिन लोगों को मुआवजा नहीं मिला है, उन्हें 10 दिनों में मुआवजा दिया जाए। अधिकारियों को निर्देश दिया कि हर सप्ताह विकास कार्यों के प्रगति की समीक्षा करें। सोमवार को लोकार्पण के लिए चिह्नित परियोजनाओं के बारे में भी मुख्यमंत्री ने जानकारी ली। उन्होंने नगर निगम में शामिल किए गए 32 गांवों के बारे में पूछा और आश्वासन दिया कि वहां की विकास परियोजनाओं को जल्द मंजूरी मिल जाएगी।
मुख्यमंत्री ने मानबेला के किसानों को बढ़ा मुआवजा देने की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने वाटर बाडी की सफाई के बारे में भी जानकारी ली। उपाध्यक्ष आशीष कुमार ने इसके लिए फर्म चयनित कर लेने की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि भ्रष्टाचारियों के प्रति जीरो टालरेंस की नीति अपनाई जाए। यदि कोई भ्रष्टाचार में लिप्त है तो उसकी जगह उससे नीचे के अधिकारी को जिम्मेदारी दी जाए।
कमिश्नर रवि कुमार एनजी ने बताया कि मंडल में इंसेफ्लाइटिस के 127 मामले हैं। उन्होंने मेडिकल कालेज से हटाए गए लोगों के बारे में विस्तार से जानकारी ली। बैठक में मंडलायुक्त रवि कुमार एनजी, जिलाधिकारी के. विजयेंद्र पांडियन, एसएसपी दिनेश कुमार पी, नगर आयुक्त अविनाश सिंह, गोरखपुर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष आशीष कुमार, गोरखपुर औद्योगिक विकास प्राधिकरण के सीईओ पवन अग्रवाल आदि मौजूद रहे।