- गोरखपुर रेंज में तीन साल में 2,592 पकड़े गए
- देवीपाटन मंडल में इस साल 1,250 बदमाश असलहे के साथ पकड़े गए
एसएसपी ने की मॉनिटरिंग तो पकड़ा गया था सरगना
एसएसपी रहे डॉ. विपिन ताड़ा ने बंगला देश के दो आरोपियों के पकड़े जाने के बाद इसकी मॉनिटरिंग शुरू कर दी थी। इसका परिणाम हुआ कि मुख्य तस्कर को भी पुलिस ने दबोच कर जेल भेजा था। लेकिन, जिन मामलों में अफसर ध्यान नहीं देते पुलिस भी फाइल बंद कर देती है।
केस एक
चार जुलाई को चरनलाल चौक के पास रिटायर्ड दरोगा के बेटे रोहित सिंह की अवैध असलहे से गोली मारकर हत्या की गई थी। पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा। हत्या में अवैध असलहा के इस्तेमाल होने की बात समाने आई थी, लेकिन सरगना को पुलिस आज तक नहीं दबोच सकी।
केस दो
13 जुलाई को पुलिस ने देशी तमंचा के साथ शातिर बदमाश रिंकू निषाद को पकड़ा था। लेकिन, असलहा इसके पास कहां से आया। इस तह तक पुलिस नहीं पहुंच सकी। इसके पहले भी कई बदमाश गोरखपुर में पकड़े गए, लेकिन सरगना तक पुलिस नहीं पहुंच पाई।
डीआईजी जे रविंद्र ने कहा कि ऑपरेशन तमंचा के तहत पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। बड़ी मात्रा में अवैध असलहे बरामद होने के साथ ही बिहार और पश्चिम बंगाल तक तस्करी में जुड़े लोग भी पकड़े गए हैं। लगातार पुलिस का अभियान जारी है। कई सरगना भी पकड़ में आए हैं।