शासन से अमर शहीद सत्यवान सिंह स्टेडियम में ओपन जिम बनाने का आकलन मांगा जा गया है। खेल विभाग ने इसकी कवायद भी शुरू कर चुका है। ओपन जिम खिलाड़ियों के अलावा शौकिया स्वास्थ्य लाभ लेने वालों को भी ध्यान में रखकर तैयार कराया जाएगा।
स्टेडियम में क्रिकेट, वॉलीबाल, हैंडबॉल समेत कई खेलों का प्रशिक्षण शिविर चलाया जाता है। इन शिविरों में दो सौ से अधिक खिलाड़ी प्रशिक्षण ले रहे हैं। खेल विभाग के पास अपना जिम न होने के कारण खिलाड़ियों को शारीरिक दक्षता के लिए निजी जिम का सहारा लेना पड़ता है।
मंहगे होने के कारण इनका खर्चा हर खिलाड़ी के लिए वहन कर पाना संभव नहीं होता है। ऐसे में उनकी शारीरिक दक्षता प्रभावित होती है और खेल में बेहतर परफार्मेंस नहीं दे पाते। ओपन जिम बनाने की मांग भी लंबे समय से की जा रही है। स्टेडियम में सुबह शौकिया स्वास्थ्य लाभ लेने के लिए सैकड़ों की संख्या में अधिकारी व आम लोग भी आते हैं।
क्रीड़ा अधिकारी संजय शर्मा बताते हैं कि विभाग खिलाड़ी और आम नागरिकों को ध्यान में रखकर आकलन तैयार कराएगा। जिससे ओपन जिम का लाभ सभी ले सकें। बताते हैं कि खेल निदेशालय के निर्देशानुसार सरकारी क्षेत्र की कार्यदायी संस्थाओं से आंकलन मांगा गया है।