कपड़ों के साथ (मनी एक्सचेंज) भारतीय और नेपाली रुपयों के अदला-बदली का भी काम करते थे गणेश
गोरखपुर मार्केटिंग के लिए आए थे गणेश, शव मिलने की सूचना के बाद से ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
गोरखपुर/महराजगंज। पीपीगंज थाना क्षेत्र के घहीभारी के पास शुक्रवार सुबह हाईवे किनारे खड़ी आई-20 कार में महाराजगंज के नौतनवां कस्बे के जानकीनगर वार्ड निवासी कपड़ा कारोबारी गणेश जायसवाल (50) का शव मिलने से सनसनी फैल गई। फॉरेंसिक टीम संग मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। इधर, पुलिस से परिजनों को घटना की सूचना हुई तो परिवार में कोहराम मच गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हार्ट अटैक से मौत की पुष्टि हुई है।
गणेश जायसवाल का अभिषेक इंटरप्राइजेज के नाम से फर्म है। उस फर्म के जरिये वह कपड़े का कारोबार करते थे। साथ ही वह (मनी एक्सचेंज) भारतीय और नेपाली रुपयों के अदला-बदली का भी काम करते थे। परिवार में पत्नी माधवी के अलावा एक बेटा अभिषेक (23) और बेटी आंचल जायसवाल (21) हैं। पिता-पुत्र दोनों साथ में कपड़े की दुकान चलाते थे, जबकि उनकी बेटी आंचल दिल्ली में रहकर पढ़ाई करती है।
अभिषेक ने बताया कि बृहस्पतिवार दिन में 11:30 बजे पिता घर से दुकान के लिए कपड़ों की खरीदारी करने के लिए गोरखपुर जाने की बात कहकर कार से निकले थे। रात करीब 10 बजे के आसपास फोन पर बात भी हुई थी। बातचीत में उन्होंने गोरखपुर से लौटने की जानकारी दी थी। फोन पर बातचीत के दौरान उनके साथ किसी अन्य व्यक्ति के भी मौजूद होने की हलचल फोन में आ रही थी। शुक्रवार सुबह तक वह घर नहीं पहुंचे तो परिजनों ने खोजबीन शुरू की। इसी बीच उनका शव पीपीगंज थानाक्षेत्र में बघहीभारी के पास हाईवे किनारे खड़ी आई-20 कार में मिला। कार का दरवाजा खुला था और चाबी उनकी जेब में थी। फॉरेंसिक टीम संग मौके पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया।
कार की पिछली सीट के बीच में औंधे मुंह पड़ा था शव
ग्रामीणों की सूचना पर फॉरेंसिक टीम संग मौके पर पहुंची पुलिस को शव कार की पिछली सीट के बीच में औंधे मुंह पड़ा मिला। कार का दरवाजा खुला था और कारोबारी की जेब में कार की चाबी थी। फॉरेंसिक टीम में जब घटना स्थल की जांच पड़ताल शुरू की तो कार के अंदर से शराब की बोतल, कोल्ड ड्रिंक, बर्गर और प्लास्टिक के गिलास बरामद हुए। जिसे फॉरेंसिक टीम ने कब्जे में लेते हुए साक्ष्य एकत्रित किए। साथ ही फॉरेंसिक टीम ने कार में कई जगह फिंगर प्रिंट की जांच की। इससे यह पता चल सके कि कार में कारोबारी के साथ कोई शख्स मौजूद था या नहीं।
घर के बाहर परिचितों और रिश्तेदारों का लगा रहा तांता
कारोबारी की मौत की खबर सुनकर सुबह से ही उनके घर के बाहर जान-पहचान वालों और रिश्तेदारों का तांता लगा रहा। घटना के बाद से ही परिवार वालों का रो-रोकर बुरा हाल है। इधर, पिता की मौत की खबर सुनकर देर शाम उनकी बेटी भी दिल्ली से घर पहुंच गई।
वर्जन
शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के समय कार में मृतक के साथ कोई और व्यक्ति मौजूद था या नहीं। जांच कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
- ज्ञानेंद्र कुमार, एसपी नार्थ