मिट्टी से पाट दिया गया मौत का कुआं
कुछ साल पहले इसी कुएं में गिरी थी गाय, इसी के बाद बनवाया गया था स्लैब
खड्डा (कुशीनगर)। नौरंगिया गांव के स्कूल टोला में बुधवार को मटकोड़वा के दौरान हुए हादसे के बाद शुक्रवार को कुएं को मिट्टी से पाट दिया गया। हादसे में महिलाओं, किशोरियों सहित 13 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि 12 लोग घायल हो गए थे।
नौरंगिया गांव के स्कूल टोला में बलवंत शर्मा के द्वार पर उनके पुरखों का बनवाया कुआं था। इस कुएं पर गांव के लोग धार्मिक कार्यक्रम करते थे। बलवंत का कहना है कि कुछ साल पहले कुएं में गाय गिर गई थी। इसके बाद कुएं पर स्लैब की ढलाई कराई गई थी। बुधवार को हुए हादसे के बाद इसे पाट दिया गया है। इस हादसे में बलवंत के परिवार की बेटी मन्नू की मौत हो गई है, जबकि तन्नू अस्पताल में भर्ती है। संवाद
बेटी के गम को नहीं भुला पा रहीं रीता
नौ साल पहले हो चुकी है रीता के पति की मौत, मजदूरी करके पालती हैं परिवार
तीन बेटियों में से एक राधिका की चली गई हादसे में जान, नौवीं कक्षा की छात्रा थी
संवाद न्यूज एजेंसी
छितौनी (कुशीनगर)। नौरंगिया गांव के स्कूल टोला में बुधवार को हुए हादसे में नौवीं कक्षा में पढ़ने वाली राधिका कुशवाहा की मौत हो गई है। इसके बाद से राधिका की मां रीता देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। रीता अपनी होनहार बेटी की यादों को भुला नहीं पा रही है।
तीन बहनों में राधिका दूसरे नंबर की थी। राधिका के पिता महेश की नौ वर्ष पहले ब्रेन हेमरेज से मौत हो चुकी है। मां रीता देवी मजदूरी करके बच्चों का पालन-पोषण करती हैं। राधिका गांव के ही सरस्वती इंटर कॉलेज में नौवीं की छात्रा थी। पढ़ाई में होनहार थी। मां भी उसे बेटे की तरह प्यार देती थी। मां को उम्मीद थी कि बिटिया एक दिन अफसर बनकर परिवार की गरीबी को दूर करेगी।
परिवार के दर्द को बताते हुए रीता फफक पड़ती हैं। रीता कहती हैं कि उनके पति को ईश्वर ने असमय बुला लिया और अब होनहार बिटिया को भी इस दुनिया में नहीं रहने दिया। रीता कहती हैं कि बिटिया अक्सर कहती थी कि बड़ी होकर सारे दुख को दूर कर देगी। हादसे के दिन वह राधिका को लेकर हल्दी की रस्म में शामिल होने गई थीं। वह दोनों घर आने ही वालीं थीं कि हादसा हो गया।
नौ घायलों की हालत बिगड़ी, अस्पताल में भर्ती
पिपरा बाजार (कुशीनगर)। नौरंगिया गांव के स्कूल टोला में बुधवार रात कुएं में गिरकर घायल हुए नौ लोगों की हालत शुक्रवार को अचानक बिगड़ गई। इन्हें तत्काल जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। देर शाम तक इनकी हालत में काफी सुधार बताया गया था।
बता दें कि हादसे में 13 लोगों की कुएं में गिरने के कारण मौत हो गई थी। हादसे में घायल अंश, अनुप्रिया और अम्बा समेत सभी 12 लोगों को कोटवा सीएचसी में इलाज के बाद घर भेज दिया था। शुक्रवार सुबह माला, प्रीति मिश्र, पायल, काजल, तन्नू, पुष्पा, रम्भा, लीलावती और अर्जुन समेत नौ की तबीयत फिर बिगड़ गई। सूचना पर गांव पहुंची पुलिस ने सभी को जिला अस्पताल भिजवाया। संवाद
टुल्लू पंप से निकाला गया था कुएं से पानी
खड्डा (कुशीनगर)। नौरंगिया गांव के स्कूल टोला में बुधवार रात हुए हादसे में कई लोगों की जान बचाने में टुल्लू पंप ने भी मदद की थी। हादसे के बाद गांव के कई लोग अपने-अपने टुल्लू पंप लेकर पहुंचे थे और कुएं में लगा दिया था। इस वजह से कुएं का पानी तेजी से कम हो गया था। इससे कई लोगों को बचा लिया गया था। गांव के डिंपल जायसवाल, किशुन जायसवाल, फूलबदन जायसवाल, ऋषिकेश जायसवाल ने टुल्लू पंप से कुएं से पानी निकालने में मदद की थी। संवाद