बरसों इंतजार के बाद पांच अगस्त को अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन होने जा रहा है। इसके लिए तैयारियां जोरों पर हैं। भूमि पूजन को ऐतिहासिक बनाने के लिए देश से धार्मिक स्थलों की मिट्टी को मंगाया जा रहा है। जिले से भी कपिलवस्तु और भारतभारी की मिट़्टी जाएगी।
मिट्टी विश्व हिंदू परिषद की स्थानीय इकाई की ओर से बृहस्पतिवार को गोरक्ष प्रांत कार्यालय गोरखपुर को सौंपा जाएगा। अयोध्या में बनने वाले भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर में पूरे विश्व को शांति, अहिंसा और करुणा का संदेश देने वाले भगवान बुद्ध की स्थली कपिलवस्तु और भारतभारी की पवित्र मिट्टी भी शामिल होगी।
मिट्टी अलग-अलग कलशों में रखकर अयोध्या भेजी जाएगी। कपिलवस्तु में भगवान बुद्ध ने 29 वर्ष व्यतीत करने के बाद पूरे विश्व को शांति, अहिंसा और करुणा का संदेश देने निकल गए। बाद में कुशीनगर में उनका महापरिनिर्वाण हुआ।
भारतभारी स्थल को महराज दुष्यंत के पुत्र भरत ने अपनी राजधानी बनाया था। ऐसे स्थलों के चयन की जानकारी विश्व हिंदू परिषद के जिलाध्यक्ष और सह धर्माचार्य संपर्क प्रमुख गोरक्ष प्रांत विजय प्रकाश पांडेय ने दी।
बताया कि बृहस्पतिवार को कपिलवस्तु और भारतभारी स्थल से एकत्र पवित्र मिट्टी को गोरक्ष प्रांत कार्यालय को सौंपी जाएगी। इसके लिए तैयारियां अंतिम चरण में है। तांबे के कलश में दोनों स्थलों की मिट़्टी भगवा रंग के कपड़े में रक्षा सूत से बंधा हुआ होगा।