उत्तर प्रदेश के कानपुर हत्याकांड के बाद गोरखपुर जिले के कुख्यात बदमाशों की धर पकड़ के लिए पुलिस ने तलाश तेज की तो कई बदमाश घर और गांव छोड़कर भाग गए। पुलिस के खौफ से कई बदमाशों ने तो अपने मोबाइल फोन बंद कर रखे हैं। रोजाना थानेदार की ओर से एसएसपी दफ्तर में ऐसी सूचनाएं आ रही हैं।
बदमाशों में बढ़े पुलिस के खौफ के बीच जेल में बंद बदमाशों पर भी पुलिस ने शिकंजा कसा है। जमानतदार का सत्यापन करने के साथ ही गवाही कराने और केस की पैरवी को तेज कर दिया है। खबर है कि एसएसपी ने क्राइम मीटिंग में भी बदमाशों पर शिकंजा कसने की बात दोहराई है।
जानकारी के मुताबिक, कानपुर मुठभेड़ के बाद पुलिस ने बड़े बदमाशों की सूची बनाकर उनकी धर पकड़ शुरू की है। इसी क्रम में विनोद उपाध्याय को दबोचा गया। अब बदमाश पर अचानक पुलिस की नजर टेढ़ी हुई है तो उनके मन में पुलिस का खौफ बढ़ा है। ऐसे में बदमाश खुद को बचाने के लिए हर जुगत कर रहे हैं।
कई हिस्ट्रीशीटर, गैंगस्टर को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा तो कई खुद कोर्ट में हाजिर हो गए। अब पुलिस थानेवार एक-एक बदमाश के घर पहुंचकर उनकी जानकारी जुटा रही है तो पता चला है कि कई फरार हैं। कुछ लखनऊ में शरण लिए हैं, तो कुछ अन्य शहरों में हैं। एसएसपी डॉ. सुनील कुमार गुप्ता ने बताया कि बदमाशों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई जारी है। सभी बदमाशों की तलाश की जा रही है।