दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय ने पांच वर्षीय बीए-एलएलबी कोर्स के विद्यार्थियों को बेहतर बनाने के लिए महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। विश्वविद्यालय इन विद्यार्थियों के लिए माह में एक दिन न्यायिक अधिकारियों और वरिष्ठ अधिवक्ताओं की कक्षा लगाएगा।
इससे विद्यार्थी नियमित कक्षाओं के दौरान ही प्रायोगिक अनुभव की जानकारी हासिल कर सकेंगे। यह कक्षाएं ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों मोड में चलाई जाएंगी। इसका लाभ विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं में भी मिलेगा।
प्रो. राजेश ने बताया कि बीए-एलएलबी की कक्षाओं के लिए अतिथि शिक्षकों का चयन विश्वविद्यालय ने कर लिया है। उन्होंने कक्षाएं लेनी भी शुरू कर दी हैं। इसके अलावा विधि विभाग के सह-समन्वयक सहित छह शिक्षकों से भी अध्यापन कार्य लिया जा रहा है।
बताया कि विधि के विद्यार्थियों के लिए जल्द डिजिटल लाइब्रेरी और मूट कोर्ट की स्थापना भी की जाएगी। कोर्स के समन्वयक प्रो. अजय कुमार शुक्ला ने बताया है कि विभाग के पुरातन छात्रों से भी बीए-एलएलबी के विद्यार्थियों का परिचय कराया जाएगा।
बीए-एलएलबी के छात्रों की जानकारी बढ़ाने और उन्हें सुप्रीम कोर्ट के निर्णयों से अवगत कराने के लिए न्यायालय की ओर से लिए गए निर्णयों पर आधारित प्रतियोगिता कराने की तैयारी चल रही है। जल्द ही इसकी सूचना छात्रों को दी जाएगी।