यूपी कोऑपरेटिव फेडरेशन का 6.39 करोड़ रुपये कीमत का धान हड़पने वाले, राइस मिलर ध्रुव नारायण सिंह की जब्त संपत्ति को नीलाम होगी। इसकी प्रक्रिया प्रशासन ने शुरू कर दी है। जेडास मिल के मालिक ध्रुव नारायण सिंह को 31 दिसंबर तक फेडरेशन का धन लौटाने की मोहलत दी गई थी। मिल मालिक समय सीमा में धन नहीं लौटा सका, ऐेसे में जब्त संपत्ति नीलाम कर वसूली की जाएगी।
क्षेत्रीय खाद्य निगम के डिप्टी आरएमओ राकेश मोहन पांडेय ने बताया कि गीडा थाना क्षेत्र के लखनापार निवासी ध्रुव नारायण सिंह की जेडास राइस मिल को वर्ष 2020-21 में 6,39,15,605 रुपये कीमत का धान कूटने के लिए आवंटित किया गया था। मिल मालिक ने चावल बना कर दिया ही नहीं।
इस पर अप्रैल-मई 2021 में जांच की गई तो मिल बंद पाई गई। मिल में यूपी कोऑपरेटिव फेडरेशन की ओर से जारी धान भी नहीं था। इस पर मिल को सील कर दिया गया था। मिल मालिक और उसके पार्टनर फरार हो गए थे। अक्तूबर 2021 में उनकी अचल संपत्ति जब्त कर ली गई थी।
ध्रुव नारायण सिंह की जब्त की गई अचल संपत्ति की कीमत 43.35 लाख रुपये आंकी गई है। एसडीएम सहजनवां सुरेश कुमार राय ने बताया कि जेडास मिल के मालिक ध्रुव नारायण सिंह और तीन महिला हिस्सेदारों सहित पार्टनर संदीप कुमार, अजीत कुमार को 31 दिसंबर तक का समय दिया गया था। समय सीमा पूरी होने पर, अब जब्त अचल संपत्ति को नीलाम कर वसूली प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।