गोरखपुर में कछुए की तस्करी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त टीम ने मंगलवार को प्लेटफार्म नंबर चार से चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने इनके पास से 46 कछुए बरामद किए है।
पूछताछ में पता चला है कि ये अमेठी के रहने वाले है और तस्करी कर कछुए को कोलकाता लेकर जा रहे थे। प्रभारी निरीक्षक जीआरपी ने वन जीव-जन्तु संरक्षण अधिनियम के तहत केस दर्ज कराया है। कछुए को वन विभाग की टीम को सुपुर्द कर दिया गया है।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान अमेठी जिले के जगदीशपुर, गांधीनगर निवासी सलीम, राकेश, छविलाल और जत्ती देवी के रूप में हुई है। जानकारी के मुताबिक, जीआरपी थाना प्रभारी उपेंद्र श्रीवास्तव को सूचना मिली थी कि अमेठी जिले के निवासी तस्कर बाराबंकी से कछुआ लेकर निकले और कोलकाता उनको जाना है। इसके लिए गोरखपुर में ट्रेन बदला जाएगा।
इस सूचना पर आरपीएफ पोस्ट प्रभारी को जानकारी देने के बाद जीआरपी प्रभारी ने स्टेशन परिसर में चेकिंग शुरू कर दी। शाम चार बजे प्लेटफार्म नंबर 9 पर आरोपियों के होने की सूचना मिली। जानकारी होते ही जीआरपी और आरपीएफ की संयुक्त टीम वहां पर पहुंच गई और घेराबंदी कर एक महिला समेत चार तस्करों को दबोच लिया।
सामान की तलाशी लेने पर 46 कछुएं बरामद हुए, जिन्हें बांधकर कपड़े की गठरी में रखा गया था। आरोपियों से पूछताछ करने पर पता चला कि कछुए कोलकाता पहुंचने पर उन्हें एक कछुए का तीन हजार रुपये मिलते। पुलिस ने बरामद कछुए को संरक्षण के लिए वन विभाग के हवाले कर दिया।