फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गोरखपुर-वाराणसी फोरलेन पर है पीएमओ की नजर, अब सड़कों पर दिखने लगा है असर

Tue, 25 Feb 2020 11:45 AM IST
vivek shukla डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर

सार

  • एनएच 29 पर पीएमओ कार्यालय की निगरानी का दिखने लगा असर
  • कौड़ीराम में साढ़े तीन किमी लंबी पुरानी सड़क का होगा नवनिर्माण
  • एनएचएआई ने लोक निर्माण विभाग को सौंपी निर्माण की जिम्मेदारी
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

गोरखपुर-वाराणसी फोरलेन के निर्माण की निगरानी पीएमओ कार्यालय से शुरू होने के बाद अब इसका असर दिखने लगा है। जिस बदहाल सड़क पर चलना मुश्किल था, उसका नव निर्माण कराने की जिम्मेदारी एनएचएआई ने लोक निर्माण विभाग को दे दी है। इसमें कौड़ीराम में साढ़े तीन किलोमीटर एनएच के पुराने भाग का नवनिर्माण कराया जाएगा।
विज्ञापन


गोरखपुर-वाराणसी फोरलेन के निर्माण कराने वाली फर्म जेपी एसोसिएट की सुस्ती की वजह से इसका कार्य काफी पिछड़ गया। सड़क की हालत यह हो गई कि उस पर सफर करना मुश्किल हो गया है। सीएम से लेकर मुख्य सचिव के फटकार का असर फर्म पर नहीं दिखा।  बांसगांव के सांसद कमलेश पासवान ने केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री से इसकी शिकायत की।
विज्ञापन

इसका असर यह हुआ कि निर्माण पूरा करने के लिए फर्म को मार्च तक का टारगेट दे दिया गया। यह चेतावनी भी दी गई कि तय अवधि में निर्माण पूरा नहीं होने पर अनुबंध निरस्त कर दिया जाएगा। इसके साथ ही सड़क की मानीटरिंग पीएमओ के प्रगति पोर्टल पर होने लगी।

पीएमओ कार्यालय निगरानी करने लगा तो एनएचएआई भी हरकत में आ गया। कौड़ीराम में पुरानी 3.38 किलोमीटर लंबी सड़क की मरम्मत की जिम्मेदारी पहले जेपी एसोसिएट को दी गई थी। अब इसे लोक निर्माण विभाग के जिम्मे कर दिया गया है। इस पर 3.60 करोड़ रुपए की लागत आएगी। इसका टेंडर जारी हो गया है। इस कार्य को दो महीने के अंदर पूरा करना होगा।

कौड़ीराम में एनएच के पुराने भाग के नव निर्माण की जिम्मेदारी एनएचएआई ने लोक निर्माण विभाग को दी है। इसका टेंडर कर दिया गया है।
एसपी सिंह, मुख्य अभियंता, लोक निर्माण विभाग
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें