फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Gorakhpur News: हर क्षेत्र में महिलाएं कर रहीं नेतृत्व, ऑपरेशन सिंदूर में बेटियों का पराक्रम सबने देखा

विज्ञापन
26 वीं वाहिनी पीएसी कैंपस में जाती महामहिम राज्यपाल आनंदीबेन पटेल।
विज्ञापन
26वीं पीएसी बटालियन का भ्रमण करने के बाद राज्यपाल ने किया महिला रिकूट्स से संवाद
विज्ञापन

गोरखपुर। राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने कहा कि सभी के लिए कानून समान होता है और जो कानून अपने हाथ में लेता है उसके लिए दंड होता है। कानून व्यवस्था को जब सख्ती से अमल में लाते हैं तभी शांति होती है। पहले यूपी में शाम पांच बजे के बाद कोई भी बेटी बाहर नहीं निकलती थी, लेकिन आज कानून व्यवस्था का मजबूत ढांचा होने के बाद रात 12 बजे भी कोई भी महिला बिना डर के आ जा सकती है। आज महिलाएं पुलिस, सेना तथा विभिन्न क्षेत्रों में नेतृत्व कर रही हैं। अभी हाल ही में ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत की दो बहादुर बेटियों के पराक्रम को हम सब ने देखा है।

राज्यपाल, मंगलवार सुबह 26वीं पीएसी बटालियन (पुलिस प्रशिक्षण केंद्र) का भ्रमण करने के बाद उन्होंने परिसर में एक पेड़ मां के नाम का पौधरोपण कर परिसर और मेस का निरीक्षण किया। इसके बाद महिला रिक्रूट्स को संबोधित किया। साथ ही व्यवस्थाओं से संबंधित जानकारी ली।
विज्ञापन

राज्यपाल ने संवाद के दौरान कहा कि प्रशिक्षण में विभिन्न प्रकार के प्रशिक्षण दिए जाते हैं उसे पूरी लगन मेहनत से करें। इससे हमारेे अंदर एक सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। आरक्षियों के प्रशिक्षण के दौरान बॉडी मेजरमेंट इंडेक्स (बीएमआई) की नियमित जांच की जाए तथा बॉडी की आवश्यकता अनुसार डाइट प्रदान की जाए। इस दौरान उन्होंने ट्रेनिंग से जुड़ी जानकारी ली और महिला रिक्रूट ने डेमू प्रस्तुत किया। उन्होंने महिला रिक्रूट्स से पूछा, आप लोगों को कोई दिक्कत तो नहीं है, इस पर रिक्रूट्स ने सब इंतजाम ठीक होने की बात कही। इसके बाद राज्यपाल ने भोजन की गुणवत्ता की जानकारी ली, बताया गया कि भोजन ठीक है। राज्यपाल ने कहा कि एक माह या 15 दिन में आप सब लोग मिलकर स्वयं खाना बनाएं और खाएं इससे सामूहिकता का भाव पैदा होगा। इसके बाद बारी-बारी से महिला प्रशिक्षुओं की ओर से 35 दिवस प्रशिक्षण का अनुभव व्यक्त किया।
राज्यपाल ने कहा कि प्रशिक्षण में आप लोगों को सुरक्षा प्रबंधन सीखना है। विभिन्न परिस्थितियों में कानून व्यवस्था को बनाए रखना, चुनौतियों से कैसे निपटना है, यह सब एक प्रशिक्षु को सिखाया जाता है। जो प्रदेश व समाज की शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करता है।
विज्ञापन

-
आज बेटियां दहेज लोभियों से शादी करने से मना कर रहीं

राज्यपाल ने कहा कि जब मैं जेलों का निरीक्षण करती हूं तो पता चलता है कि 35 प्रतिशत से अधिक कैदी दहेज उत्पीड़न अपराध के कारण बंद हैं। यह समाज की बहुत गंभीर बुराई है। इसे खत्म करने के लिए सबको आगे आना पड़ेगा। आज बेटियां स्वावलंबन हो रही है, दहेज लोभियों से शादी करने से मना करती हैं, यह समाज का बहुत बड़ा परिवर्तन है। प्रशिक्षण के अंतर्गत विभिन्न प्रकार के विषयों पर चर्चा होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि अभी हाल ही में उत्तर प्रदेश का बेटा ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला अंतरिक्ष से लौटे हैं। जिसका पूरा देश स्वागत कर रहा है। आशा करती हूं कि जल्द ही अंतरिक्ष में जाने वाली प्रदेश की कोई बेटी होगी। इस अवसर पर एडीजी पीएसी ने धन्यवाद ज्ञापन किया। इस दौरान पुलिस महानिदेशक प्रशिक्षण तिलोत्तमा वर्मा, एडीजी पीएसी डाॅ. रामकृष्ण स्वर्णकार, एडीजी जोन, गोरखपुर मुथा अशोक जैन, पुलिस महानिरीक्षक पीएसी मध्य जोन डाॅ. प्रीतिंदर सिंह, सेनानायक निहारिका आदि मौजूद रहीं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें