भीम पटेल अपने भतीजे वीरू पटेल के साथ परिवार को प्रेत बाधा से मुक्ति दिलाने के लिए बलिया जिले के मनियर गए था। मनियर के नवका बाबा ब्रह्म स्थान पर नवरात्र में लगने वाले मेले में लोगों को प्रेत बाधा से मुक्ति मिलती है। जहां प्रेत बाधा से मुक्ति के लिए बड़ी संख्या में लोग जाते हैं।
चौरीचौरा (गोरखपुर)। परिवार को प्रेत बाधा से मुक्ति दिलाने के लिए बलिया के मनियर गए चाचा-भतीजा की मंगलवार को नदी में डूबकर मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय मछुआरों की सहायता से दोनों की तलाश शुरू की। थोड़ी ही देर में दोनों का शव मिल गया।
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पुलिस के मुताबिक, शव की पहचान चौरीचौरा थानाक्षेत्र के डुमरी खास के बसंत टोला निवासी भीम पटेल (25) और भतीजा वीरू पटेल (15) के रूप में हुई। घटना की सूचना पर मनियर पहुंचे परिजनों को पुलिस ने दोनों शव सौंप दिए।
भीम पटेल अपने भतीजे वीरू पटेल के साथ परिवार को प्रेत बाधा से मुक्ति दिलाने के लिए बलिया जिले के मनियर गए था। मनियर के नवका बाबा ब्रह्म स्थान पर नवरात्र में लगने वाले मेले में लोगों को प्रेत बाधा से मुक्ति मिलती है। जहां प्रेत बाधा से मुक्ति के लिए बड़ी संख्या में लोग जाते हैं।
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भीम पटेल पिपराइच थानाक्षेत्र के कैथवलिया की एक महिला सोखा की बातों पर विश्वास करके गए थे। सोखा ने एक बस बुक कराई थी। उस बस से सोखा के साथ 25 लोग बीते रविवार को मनियर गए थे। मंगलवार सुबह करीब सात बजे भीम पटेल और वीरू पटेल सरयू नदी के रिगवन मठिया घाट पर स्नान करने के लिए अन्य लोगों के साथ गए। वहां नदी में नहाते समय दोनों चाचा-भतीजा डूब गए।