मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को दी चैत्र नवरात्र व रामनवमी की शुभकामनाएं
बोले- मातृ शक्ति के प्रति आदर भाव रखना सबका दायित्व
गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बेटी-बेटा या महिला-पुरुष के भेदभाव से ऊपर उठकर बेटियों के साथ किसी भी प्रकार के अन्याय को जगह न दें। हम सभी यह मिलकर सुनिश्चित करें कि कोई भी बेटी, बहन, महिला अन्याय या शोषण का शिकार न होने पाए। यदि हम ऐसा करेंगे तभी एक सशक्त एवं विकसित भारत की संकल्पना को साकार कर पाएंगे।
गोरखनाथ मंदिर में रविवार को कन्या पूजन के बाद प्रदेशवासियों को चैत्र नवरात्र की नवमी तिथि एवं रामनवमी की शुभकामनाएं देते हुए सीएम योगी ने कहा कि मातृ शक्ति के प्रति आदर का पवित्र भाव रखना सबका दायित्व है। सरकार ने भी मातृ शक्ति के सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन से जुड़ीं कई योजनाएं चलाई हैं।
उन्होंने कहा कि मातृ शक्ति को सम्मान देने, उन्हें स्वावलंबी बनाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, मातृ वंदना जैसी योजनाएं शुरू की हैं। विधायिका से लेकर हर क्षेत्र में महिलाओं का प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए नारी शक्ति वंदन अधिनियम लागू किया है।
उन्होंने कहा कि आज वासंतिक नवरात्रि की नवमी तिथि है। आज सभी सनातन धर्मावलंबियों की ओर से कन्या पूजन किया जा रहा है। उन्हें भी आज गोरखनाथ मंदिर में कन्या पूजन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। चैत्र नवरात्र में शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा से नवमी की तिथि तक आदिशक्ति मां भगवती के अलग-अलग स्वरूपों का अनुष्ठान आज नवदुर्गा स्वरूपा कुंवारी कन्याओं के पूजन के साथ समारोप की ओर अग्रसर है।
उन्होंने कहा कि भारत की सनातन परंपरा में मातृशक्ति के प्रति आदर एवं श्रद्धाभाव की जो मजबूत परंपरा रही है, उसे दोनों नवरात्र (शारदीय व वासंतिक) में कन्या पूजन के माध्यम से देखा जा सकता है।
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चुनौतियों से लड़ने की प्रेरणा देता है भगवान श्रीराम का जीवन
मुख्यमंत्री ने कहा कि चैत्र नवरात्र की नवमी तिथि मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव का भी दिन है। सभी देवालयों में अखंड रामायण पाठ, भजन-कीर्तन हो रहे हैं। सभी सनातन धर्मावलंबी पूर्ण मनोयोग से भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव मना रहे हैं। कहा कि लगभग 500 वर्षों की गुलामी की बेड़ियों को तोड़कर 22 जनवरी 2024 को अयोध्या में रामलला का पुनः प्रकटीकरण हुआ है। यह सभी सनातन धर्मावलंबियों के लिए बहुत पवित्र दिन होने के साथ ही दुनिया की दबी कुचली एवं शोषित मानवता के लिए एक नई प्रेरणा व प्रकाश का दिन है। उन्होंने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम का जीवन हम सबको मर्यादित आचरण करने के साथ ही सम या विषम परिस्थित में धैर्य न खोकर चुनौतियों से लड़ने की प्रेरणा देता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि रामेश्वरम में बना नया पंबन ब्रिज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकास एवं विरासत के विजन को दर्शाता है।