बैंक का नोटिस पहुंचने पर डॉक्टर को फर्जीवाड़े का पता चला
आरोपी ने पहले लोन जमा करने का दिया आश्वासन फिर जाने से मारने की धमकी देने लगा
आरोपी कुशीनगर के कप्तानगंज का रहने वाला, शाहपुर स्थित एचडीएफसी बैंक से लिया था लोन
पादरी बाजार (गोरखपुर)। अलीगढ़ के एक डॉक्टर को अपनी फर्म में साझेदार दिखाकर और उनके फर्जी हस्ताक्षर बनाकर जालसाज ने अल्ट्रसाउंड मशीन खरीदने के नाम पर बैंक से लोन ले लिया। लोन की किस्त नहीं भरने पर जब डॉक्टर के पास बैंक ने नोटिस भेजा, तब उन्हें जालसाजी का पता चला। इसके बाद उन्होंने अलीगढ़ में ही इस मामले की जीरो एफआईआर दर्ज कराई। जांच के बाद मामला शाहपुर ट्रांसफर किया गया है। पुलिस इस मामले में कुशीनगर निवासी एक युवक के खिलाफ जालसाजी का केस दर्ज कर जांच कर रही है।
अलीगढ़ जिले के सिविल लाइंस स्थित चंदनिया हाउस निवासी डॉ. मनीष कुमार वार्ष्णेय ने बताया कि सात साल पहले उनके पास शाहपुर के खजांची चौराहा स्थित एचडीएफसी बैंक का एक नोटिस आया, जिसमें उनके द्वारा अल्ट्रसाउंड मशीन खरीदने के लिए लोन लेने और किस्त नहीं भरने का जिक्र था। नोटिस पढ़ते ही वह आश्चर्य में पड़ गए, क्योंकि उन्होंने ऐसा कोई लोन लिया ही नहीं था। पता चला कि कुशीनगर जिले के कप्तानगंज इलाके के दूधराही निवासी मनोज यादव ने वर्ष 2017 में कूटरचित दस्तावेज से उन्हें अपनी फर्म का साझेदार दिखाकर लोन लिया है।
डॉक्टर मनीष ने कहा कि लोन के कागजात पर मनोज ने उनके फर्जी हस्ताक्षर किए हैं। इसके बाद उन्होंने मनोज से संपर्क किया तो उसने लोन का पैसा चुकाने का आश्वासन दिया, लेकिन कई बार कहने के बाद भी जमा नहीं किया। इस तरह आठ साल बीत गए। डॉक्टर मनीष ने कहा कि जब उन्होंने केस दर्ज कराने की बात कही तो मनोज उन्हें जान से मारने की धमकी देने लगा। तब उन्होंने बीते दिनों अलीगढ़ के कैंट थाने में मनोज यादव के खिलाफ जीरो एफआईआर की। जांच पड़ताल के बाद आरोपी के कुशीनगर का होने के कारण एफआईआर वहां ट्रांसफर की गई। फिर घटनास्थल शाहपुर होने की वजह से बुधवार को एफआईआर यहां दर्ज हुई। पुलिस का कहना है कि मनोज को गिरफ्तार करने के लिए एक टीम जल्द कुशीनगर जाएगी। उससे पूछताछ के बाद ही फर्जीवाड़े का पता चलेगा।