अभिषेक हत्याकांड : दो आरोपी गिरफ्तार, अवैध संबंध के शक में दिया गया था वारदात को अंजाम
फास्टफूड का ठेला लगाता है मुख्य आरोपी, तलाश में दबिश दे रही पुलिस
गोरखपुर। गीडा पुलिस ने नौसड़ निवासी अभिषेक सिंह (18) की हत्या के मामले का पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने बृहस्पतिवार को आरोपी दो सगे भाइयों को गिरफ्तार कर लिया। मुख्य आरोपी पति भागा हुआ है। उसकी तलाश में दबिश दी जा रही है। पुलिस के मुताबिक, मुख्य आरोपी की पत्नी से अवैध संबंध के शक में वारदात को अंजाम दिया गया था। आरोपी पति नौसड़ चौराहे पर फास्टफूड का ठेला चलाता है। आरोपी सगे भाई वहीं काम करते हैं। पुलिस के मुताबिक वारदात वाले दिन सगे भाइयों ने अभिषेक के हाथ-पैर पकड़ लिए और आरोपी पति ने चाकू से गला रेतने के बाद कई वार करके उसे मार डाला।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान शाहपुर के गीता वाटिका पानी की टंकी के पास आवास विकास कॉलोनी निवासी पवन कुमार और विजय के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को दोपहर बाद कोर्ट में पेश किया। वहां से दोनों को जेल भेज दिया गया।
नौसड़, पेवनपुर गांव के निवासी अभिषेक सिंह की बीते छह फरवरी की रात हत्या कर दी गई थी। सात फरवरी को खून से लतपथ उसका शव मिलने पर इलाके में सनसनी फैल गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया कि धारदार हथियार से 35 जगह गंभीर वार किए गए थे। एसपी नार्थ ज्ञानेंद्र कुमार ने बताया कि शुरुआती दिनों में यह हत्या रंजिश का मामला समझा जा रहा था। जांच आगे बढ़ी तो मामला अवैध संबंध के शक से जुड़ा मिला।
जांच के दौरान पुलिस ने सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज खंगाले। प्रारंभिक फुटेज धुंधले होने और कोहरे के कारण आरोपियों की पहचान मुश्किल थी, लेकिन शराब की दुकान और आसपास के अन्य स्थानों के कैमरों की जांच से अहम सुराग हाथ लगे। पुलिस की जांच में पता चला कि अभिषेक शाहपुर के गीता वाटिका पानी की टंकी के पास आवास विकास कॉलोनी निवासी पवन कुमार और उसके भाई विजय के साथ मुख्य आरोपी की बाइक से शराब खरीदने गया था। पुलिस ने जब दोनों भाइयों से पूछताछ की तो आरोपियों ने हत्या की वारदात कबूल की।
आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि मुख्य आरोपी नौसड़ चौराहे पर फास्टफूड का ठेला लगाता है। दोनों उसी की दुकान पर काम करते हैं। वे लोग अक्सर दुकान बंद करने के बाद एक साथ शराब पार्टी करते थे। उसमें अभिषेक भी शामिल होता था। मुख्य आरोपी के घर अभिषेक अक्सर जाता रहता था। शक के चलते मुख्य आरोपी ने अपने दोनों कर्मचारियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। अभिषेक को पार्टी के बहाने बाइक से पेवनपुर गांव ले जाकर साथ में शराब पिलाई। नशे की हालत में आरोपियों ने चाकू से गला रेता फिर कई वार किए। वारदात के बाद आरोपी मोबाइल फोन और अन्य सामान लेकर भाग गए।