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फर्जी डिग्री : जांच में दो डिग्री और मिली फर्जी

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खोराबार में पकड़े गए संविदा डॉक्टर व उसके साथी के पास से मिली थी 21 डिग्री
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गोरखपुर। खोराबार पीएचसी के डॉक्टर के पास से मिली 21 मेडिकल की डिग्रियों में से 12 डिग्री की जांच पूरी हो गई। इसमें 11 डिग्रियां फर्जी मिली हैं और उत्तर प्रदेश फार्मेसी कांउसिल लखनऊ की एक डिग्री असली भी मिली है। हाल की जांच में आईके गुजराल पंजाब टेक्निकल यूनिवर्सिटी दो डिग्रियां फर्जी मिली हैं। अभी कर्नाटक, रजस्थान, छत्तीसगढ़ और मेरठ यूनिवर्सिटी की सात डिग्रियों का सत्यापन बाकी है। टीम अब एक बार फिर इनका सत्यापन करने जाएगी।

खोराबार पुलिस के मुताबिक, आयुर्वेदिक व यूनानी तिब्बी चिकित्सा पद्धति बोर्ड उप्र जनपद लखनऊ की (02) जेएस विश्वविद्यालय शिकोहाबाद जनपद फिरोजाबाद की (04) और आईएफटीएम यूनिवर्सिटी मुरादाबाद की (03) डिग्रियां सत्यापन में फर्जी मिली हैं। यहां सत्यापन कराने के बाद पुलिस टीम पंजाब गई थी, जहां और आईके गुजराल पंजाब टेक्निकल यूनिवर्सिटी (02) की डिग्रियां फर्जी मिलीं। अब राजस्थान के चुरू के ओपीजेएस यूनिवर्सिटी की दो डिग्रियों का सत्यापन होना है। इसके बाद पुलिस टीम कर्नाटक, राजस्थान, छत्तीसगढ़ और मेरठ की यूनिवर्सिटी की 07 डिग्रियों का सत्यापन कराएगी।
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संविदा डॉक्टर लेता था ठेका
पुलिस के मुताबिक, खोराबार पीएचसी का संविदा डॉ. राजेश कुमार मेडिकल की डिग्री बनवाने का ठेका लेता था। वह बेरोजगार युवक, युवतियों को बताता था कि देश की कई यूनिवर्सिटी में परिचय है। बिना परीक्षा के ही मेडिकल की डिग्री बनवा दूंगा। जाल में फंसने पर दो लाख से लगाए सात लाख रुपये तक लोगों से वसूलता था। इसके बाद नोएडा एक सरगना को ऑनलाइन पैसे भेजकर डिग्रियां बनवाता था। डॉ. राजेश और उसके दोस्त संतकबीरनगर जिले के खलीलाबाद कोतवाली थाना के पठान टोला निवासी सुशील कुमार चौधरी को 24 फरवरी को गिरफ्तार कर पुलिस ने जेल भिजवाया था।
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कोट
डॉक्टर के पास से मिली डिग्रियों का सत्यापन कराया जा रहा है। अब तक 12 डिग्री का सत्यापन कराया जा चुका है। इसमें 11 डिग्री फर्जी मिली है। अन्य सात डिग्रियों का जल्द ही सत्यापन करा लिया जाएगा।
- अभिनव त्यागी, एसपी सिटी
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