बसों की चार्जिंग के लिए राप्तीनगर में बनेगा स्टेशन
डेढ़ एकड़ जमीन पर होगा निर्माण, एक साथ छह बसों को किया जा सकेगा चार्ज
गोरखपुर। शहर को बहुत जल्द 20 नई ई-बसें (इलेक्टि्रक बस) मिलने वाली हैं। इससे शहर में आवागमन बेहतर हो सकेगा। साथ ही नई बसें आने के बाद जिले के ग्रामीण क्षेत्रों को भी इससे जोड़ा जा सकेगा। बजट के आने के बाद इसकी कवायद अब तेज होगी।
वर्तमान में शहर में 25 ई-बसें चल रही हैं जो शहर से सटे कुछ ग्रामीण क्षेत्रों के साथ कस्बों से भी जुड़ी हुई हैं। 20 नई ई-बसों के आने के बाद इसकी संख्या 45 हो जाएगी। इससे लोगों को राहत मिलेगी। इसके साथ ही राप्तीनगर वर्कशाप की डेढ़ एकड़ जमीन पर इलेक्टि्रक बस डिपो बनाया जाएगा। इसके लिए परिवहन निगम ने शासन को कार्यशाला में खाली डेढ़ एकड़ की जमीन के साथ अन्य जानकारी पहले ही भेज दी है। बजट मिलने के बाद अब इस पर तेजी के काम शुरू होने की उम्मीद जताई जा रही है। वर्तमान में महेसरा में ही चार्जिंग स्टेशन है। इसके बनने से बसों की धुलाई व इसको चार्ज करने के लिए शहर के दूसरे छोर पर भी एक विकल्प मिल जाएगा। इससे समय की बचत होगी। बस स्टेशन को चलाने में दो एमवीए का बिजली कनेक्शन भी लिया जाएगा।
वर्जन
राप्तीनगर की वर्कशाप की डेढ़ एकड़ जमीन पर इलेक्टि्रक बस डिपो बनाया जाएगा। शासन को पूरी जानकारी पहले ही दे दी गई है। बजट के बाद उम्मीद है कि इस पर कार्य तेजी से शुरू होगा।
- लव कुमार सिंह, क्षेत्रीय प्रबंधक, परिवहन निगम