छात्रों का 12 दिवसीय अध्ययन भ्रमण संपन्न, शैक्षणिक सहयोग को मिला नया आयाम
एम्स के छात्रों ने सशस्त्र सेना चिकित्सा महाविद्यालय जाना सैन्य चिकित्सा का आधुनिक स्वरूप
गोरखपुर। एम्स के छह मेधावी विद्यार्थियों और एक संकाय सदस्य ने अक्तूबर तक सशस्त्र सेना चिकित्सा महाविद्यालय, पुणे में 12 दिवसीय छात्र विनिमय कार्यक्रम के अंतर्गत अध्ययन भ्रमण किया। एम्स गोरखपुर के पहले छात्र विनिमय कार्यक्रम का समापन सोमवार को हुआ।
प्रतिनिधिमंडल में एमबीबीएस द्वितीय वर्ष के छात्र-छात्राएं सार्निक डे, स्वर्णिमा बाबर, दीप्ति, साक्षम रावत, रोहित कृष्ण, सौनिक पाल और पैथोलॉजी विभाग की संकाय सदस्य डॉ. दीपिका सम्मिलित रहे। भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने सशस्त्र सेना चिकित्सा महाविद्यालय के विभिन्न विभागों जैसे एनाटॉमी, माइक्रोबायोलॉजी, बायोकैमिस्ट्री,आईएचबीटी, साइंटिफिक सोसाइटी और सशस्त्र सेना चिकित्सा महाविद्यालय का गहन अवलोकन किया। इस दौरान विद्यार्थियों ने मेडिकल कैडेट्स के साथ नियमित कक्षाओं और क्लिनिकल पोस्टिंग्स में भाग लेकर सशस्त्र सेना चिकित्सा महाविद्यालय की अनुशासित और उन्नत शैक्षणिक प्रणाली का अनुभव प्राप्त किया। साथ ही उन्होंने एएलसी और एआईपीटी का भ्रमण कर सेना की पुनर्वास और खेल चिकित्सा प्रणालियों से परिचय प्राप्त किया। कार्यक्रम के समापन के दौरान एएफएमसी और एम्स गोरखपुर के प्रतिनिधियों के बीच स्मृति चिह्नों का आदान-प्रदान हुआ। इस अवसर पर एएफएमसी के निदेशक मेजर जनरल पंकज राव, डीन मेजर जनरल अतुल सेठ समेत कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।