महायोजना-2031 के प्रारूप को लेकर आई आपत्तियों की सुनवाई गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) की ओर से 25 नवंबर से शुरू होगी। जीडीए उपाध्यक्ष महेंद्र सिंह तंवर की अध्यक्षता वाली समिति रोजाना करीब एक हजार आपत्तियों पर सुनवाई करेगी। 15 दिन में सभी आपत्तियों की सुनवाई पूरी कर लेने का लक्ष्य बनाया गया है।
सुनवाई के बाद समिति आपत्तियों का निस्तारण करेगी। इसके बाद प्रारूप को फिर से जीडीए बोर्ड बैठक में रखा जाएगा। वहां से स्वीकृति मिलने के बाद इसे शासन को भेज दिया जाएगा। वहीं से महायोजना लागू कर दी जाएगी। माना जा रहा है कि नए साल की शुरूआत में ही नई महायोजना भी वजूद में आ जाएगी।
महायोजना-2031 के प्रारूप को जीडीए बोर्ड से हरी झंडी मिलने के बाद आपत्ति आमंत्रित की गई थी। करीब डेढ़ महीने में 11 हजार से अधिक लोगों ने आपत्ति दर्ज कराई। विस्तारित क्षेत्र को लेकर सर्वाधिक आपत्ति दर्ज कराई गई है। खुला क्षेत्र, हरित क्षेत्र, हाईवे फैसिलिटी जोन, विनियमितीकरण आदि को लेकर भी कई लोगों ने आपत्ति जताई है।