प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत डाटा सत्यापन कर अपलोड करने में जिले को प्रदेश में पहला स्थान मिला है। डीएम आशुतोष निरंजन ने बताया कि सात फरवरी तक 43314 किसानों का डाटा विभिन्न कारणों से रिजेक्ट हो गया था। अभियान चलाकर 40647 किसानों का डाटा सत्यापन का काम किया गया, जिसे पोर्टल पर अपलोड भी किया जा चुका है।
बताया कि पीएफएमएस पोर्टल पर जिले को प्रदेश भर में प्रथम स्थान पर दर्शाया जा रहा है। विभिन्न कारणों से लंबित 2467 किसानों के डाटा सत्यापन काम चल रहा है। उप कृषि निदेशक संजय कुमार त्रिपाठी ने बताया कि बैंक पासबुक, आधार कार्ड, खतौनी आदि में अंतर होने पर से डाटा रिजेक्ट किया जाता है जिससे उनको योजना के तहत कोई किस्त नहीं मिल पाती। किसान अभिलेखों की जांच कर फीडिंग कराएं। इससे डाटा अस्वीकार्य होने की समस्या कम आएगी।