स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही का नतीजा है कि एक-एक अस्पताल गैर पंजीकृत की सूची में पांच-पांच बार पंजीकृत हैं। इसी तरह एक अस्पताल का चार बार, एक अस्पताल का तीन बार और पांच अस्पताल का दो-दो बार पंजीकरण किया गया। इसका अलग-अलग एप्लीकेशन नंबर भी जारी किया गया है। ऐसे में अब इस गलती को सुधारने के लिए इन एप्लीकेशन नंबरों को निरस्त करने की तैयारी में विभाग जुट गया है।
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आईएमए सचिव डॉ. अमित मिश्रा ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही की वजह से यह गलती हुई है। इसे सही कराने की जरूरत है। विभाग संशोधित सूची जारी करे, ताकि प्रशासन को सही जानकारी मिल सके।
सीएमओ डॉ. आशुतोष कुमार दूबे ने कहा कि रजिस्ट्रेशन करने के दौरान कई बार आवेदन के कारण यह गलती हुई है। इसे सही कराया जाएगा, ताकि सही सूची जारी हो सके। इसे लेकर कर्मियों को निर्देश दिया गया है। जल्द ही सूची को दुरुस्त कराते हुए प्रशासन को सौंपा जाएगा। एक भी अवैध अस्पताल संचालित नहीं करने दिए जाएंगे।