हाल के दिनों में बेरहमी से पिटाई कर वीडियो वायरल करने के कई मामले तेजी से सामने आए हैं। लखनऊ में हिस्ट्रीशीटर दुर्गेश यादव की हत्या का मामला हो या फिर कुछ दिन पहले चौरीचौरा इलाके में एक किशोरी की पिटाई का मामला हो, सभी का वीडियो वायरल किया गया है। इसके पहले भी गोला में एक दुष्कर्म का वीडियो वायरल किया गया था।
मानसिक रोग विशेषज्ञ डॉ. गोपाल अग्रवाल ने कहा कि खौफ पैदा करने के लिए इस तरह के काम लोग करते है। उनको लगता है कि इससे खौफ होगा और पीड़ित डर की वजह से केस दर्ज कराने या फिर भविष्य में उनके हिसाब से काम करेगा, इस वजह से वीडियो बनाकर उसको वायरल करते है।