उत्तर प्रदेश के संतकबीरनगर जिले में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां धनघटा क्षेत्र के मूड़ाडीहा गांव के रहने वाले प्रेमी-प्रेमिका की शुक्रवार की रात संदिग्ध हाल में मौत हो गई। दोनों के परिजन आनन-फानन शनिवार की भोर में महुली क्षेत्र के बारीडीहा गांव के पास कुआनो नदी के किनारे एक ही चिता पर शवों को रखकर आग लगा दी। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने चिता से उतरवा कर दोनों की अधजली लाश को कब्जे में लिया।
मूड़ाडीहा गांव निवासी सजातीय 22 वर्षीय सागर पुत्र स्वर्गीय रामलगन और 19 वर्षीय कंचन पुत्री मुखराज आपस में प्रेम करते थे। दोनों शादी करना चाहते थे, लेकिन उनके परिजन तैयार नहीं थे। इधर, प्रेमिका की शादी उसके परिजनों ने दूसरी जगह तय कर दी।
19 मई को प्रेमिका की शादी होने की तिथि भी नियत थी। शुक्रवार की शाम प्रेमिका अपने प्रेमी के घर पहुंच गई। प्रेमी और प्रेमिका ने सादगी के साथ शादी कर ली। रात में प्रेमी के घर से 50 मीटर दूरी पर स्थित पुआल के ढेर के पास दोनों की संदिग्ध हाल में लाश मिली।
बगैर पुलिस को सूचना दिए ही दोनों के परिजन कुछ ग्रामीणों की मदद से शनिवार की भोर में शवों को महुली क्षेत्र के बारीडीहा गांव के पास कुआनो नदी के किनारे ले गए और एक ही चिता पर रख आग लगा दी। इधर, किसी ने महुली पुलिस को घटना की सूचना दे दी।
सूचना पर महुली पुलिस जब तक पहुंची, तब लोग वहां से भाग गए थे। बाद में एसपी, सीओ और धनघटा एसओ भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने दोनों की अधजली लाश को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
चर्चा है कि परिजनों की सहमति के बगैर शादी करने की वजह से दोनों की पिटाई भी हुई थी। वैसे पुलिस जहर की शीशी मिलने की बात बताते हुए घटना को आत्महत्या करार दे रही है। एसओ आरके गौतम ने बताया कि एसआई पवन कुमार की तहरीर पर प्रेमी-प्रेमिका के परिजन समेत आठ नामजद और 10 -15 अज्ञात के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने और बगैर पुलिस को सूचना दिए शवों को जला कर साक्ष्य मिटाने की कोशिश के आरोप में केस दर्ज कर लिया है।
इस मामले में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि धनंजय पांडेय, प्रेमिका के चाचा सिकंदर, मां शकुंतला, प्रेमी की मां बबुनी देवी, भाई हरिद्वार और चौकीदार राम अछैवर को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। सीओ अंबरीष भदौरिया ने बताया कि अब तक की जांच में पता चला है कि युवक और युवती आपस में प्रेम करते थे और शादी करना चाहते थे। दोनों के परिजन शादी के लिए तैयार नहीं थे। परिजनों की बगैर सहमति के दोनों ने शादी कर ली। इसी वजह से दोनों के परिजनों ने उन्हें आत्महत्या के लिए उकसाया। इसकी वजह से दबाव में आकर दोनों ने आत्मघाती कदम उठा लिया। पकड़े गए लोगों से पूछताछ की जा रही है।
एसपी डॉक्टर कौस्तुभ ने कहा कि पुलिस ने चिता से प्रेमी-प्रेमिका की अधजली लाश को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। प्रथमदृष्टया आत्महत्या का मामला प्रतीत हो रहा है। आत्महत्या के लिए उकसाने और साक्ष्य मिटाने की कोशिश के मामले में दोनों के परिजनों समेत आठ नामजद और 15 अज्ञात पर केस दर्ज कर लिया गया है। ऑनर किलिंग के बिंदु पर भी पुलिस जांच कर रही है। पुलिस की जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जैसी स्थिति होगी, आगे वैसी कार्रवाई की जाएगी।