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गोरखपुर: बेटी की मनमानी से परेशान पिता बना हैवान, पेट्रोल डालकर जिंदा जलाया

Mon, 15 Feb 2021 07:10 PM IST
vivek shukla अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
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गोरखपुर: आरोपी पिता सेवानिवृत्त कैलाश यादव।(फाइल) - फोटो : अमर उजाला।
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उत्तर प्रदेश के संतकबीरनगर जिले में ऑनर किलिंग का मामला सामने आया है। यहां बेटी की जिद और मनमानी से परेशान पिता और भाई ने मिलकर उसे मौत के घाट उतार दिया। पुलिस की जांच में पता चला है कि पिता ने अपनी इज्जत के लिए डेढ़ लाख रुपये देकर बेटी की हत्या कराई थी। मारने वालों में वह खुद, युवती का भाई और जीजा भी शामिल था। बाप-बेटे, बहनोई समेत चार आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।

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प्यार में गोरखपुर की रंजना इस कदर पागल थी कि परिजनों के समझाने-बुझाने को नजरअंदाज कर देती थी। पहले प्रेमी के साथ भागी, जब वापस लौटी तो घर पर सुहागिन की तरह रहती थी जिसे देख कर आर्मी से सेवानिवृत्त पिता और भाई बर्दाश्त नहीं कर पाए। यही वजह रही कि योजनाबद्ध तरीके से खुद की बेटी को घर से 20 किलोमीटर दूर ले जाकर पेट्रोल डालकर जला दिया। पुलिस की पूछताछ में आरोपी बाप-बेटे ने हत्या की यही वजह बताई।

गोरखपुर जिले के बेलघाट क्षेत्र के जितवापुर निवासी आर्मी से सेवानिवृत्त कैलाश यादव की तीन बेटियां और एकलौता बेटा अजीत यादव है। दो बेटियों और बेटे की शादी हो चुकी है। जबकि सबसे छोटी बेटी रंजना (28) अविवाहित थी। इधर, कुछ समय से रंजना का उसी क्षेत्र के शाहपुर गांव निवासी एक शख्स से संपर्क हो गया। दोनों एक-दूसरे को पंसद करने लगे।

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गोरखपुर: हत्याकांड में शामिल सभी आरोपी। - फोटो : अमर उजाला।
धीरे-धीरे यह बात उनके परिजनों को भी मालूम हो गई और फिर दोनों के मिलने और बातचीत करने पर पहरा लगा दिया। इधर, अगस्त 2020 में कैलाश यादव सेवानिवृत्त होकर घर लौटे तो बेटी के बारे में उन्हें जानकारी हुई। समझाने- बुझाने के बाद बेटी नहीं मानी और अपने प्रेमी के साथ भाग गई। मुकदमा भी दर्ज कराया लेकिन बेटी के बयान से मुकदमा समाप्त हो गया।

दूसरी ओर, बेटी बार-बार अपने प्रेमी के घर जाती रहती थी। रंजना के परिजनों को प्रेमी के घर वालों से भी कोई मदद नहीं मिली। उसके बाद बाप-बेटे ने मिलकर रंजना की हत्या की योजना बनाई। इसमें महुली क्षेत्र के महोबरा निवासी अपने दामाद सत्य प्रकाश यादव के माध्यम से डोमडीह के सीताराम से संपर्क साधा, फिर डोमडीह के वरुण तिवारी उर्फ पिंटू ने डेढ़ लाख में हत्या करने की सुपारी ली।

दो बार वरुण पहले भी जितवापुर गया लेकिन अपने मकसद में सफल नहीं हुआ। तीसरी बार में बाप-बेटे की मदद से सुपारी कीलर वरुण अपने ड्राइवर दोस्त के साथ रंजना की हत्या करने में सफल हो गया। बेटी के कत्ल में पिता कैलाश, भाई अजीत, बहनोई सत्य प्रकाश, सीताराम, सुपारी किलर वरुण तिवारी उर्फ पिंटू और ड्राइवर आरोपी बने। पुलिस की पूछताछ में घटना की यही कहानी उभर कर सामने आई।
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एसपी डॉक्टर कौस्तुभ ने बताया कि जिगिना के पास टिनशेड में युवती रंजना की लाश जलाने में पेट्रोल का प्रयोग हुआ। ऐसे में पेट्रोल पंप मालिकों को निर्देश जारी किया जाएगा कि फुटकर में किसी को पेट्रोल बिल्कुल न दें। इस घटना में कूरी के पास मिले सीसीटीवी फुटेज से पुलिस को भरपूर मदद मिली।

सर्विलांस टीम ने काफी मेहनत की जिसका नतीजा रहा कि शव की शिनाख्त हुई और ऑनर कीलिंग की घटना का पर्दाफाश हुआ। सुपारी किलर वरुण तिवारी का आपराधिक रिकॉर्ड है। गोरखपुर के खजनी थाने में उसके खिलाफ गैर इरातन हत्या और छिनैती का मुकदमा दर्ज है। फरार सुपारी किलर और उसके दोस्त ड्राइवर को जल्द ही पकड़ लिया जाएगा।
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