उत्तर प्रदेश के सिद्धर्थनगर जिले में कई दिनों से विकास हत्याकांड का चर्चा का विषय बना हुआ था। वहीं पुलिस ने भी शुक्रवार को हत्याकांड का खुलासा करते हुए तीनों हत्यारोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान कई चौकानें वाले खुलासे हुए हैं।
दोस्त के प्रेम-प्रसंग की जानकारी छिपाने के एवज में बार-बार पार्टी लेना विकास की मौत का कारण बना। दोस्त ने दो अन्य साथियों के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। विकास को बीयर और शराब पिलाई फिर गला दबा दिया। बेहोश होने पर गला रेतकर हत्या कर दी।
एसपी रामअभिलाष त्रिपाठी ने बताया कि 19 जनवरी को इटवा थानाक्षेत्र के निर्माणाधीन आईटीआई कॉलेज में पचमोहनी निवासी विकास की हत्या कर शव छोड़ दिया गया था। हत्या धारदार हथियार से गला रेतकर की गई थी। इस मामले में अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज करके मामले की जांच में टीम लगी थी। साथ में सर्विलांस की टीम प्रयासरत थी।
इसी बीच शुक्रवार सुबह मुखबिर से सूचना मिली कि हत्याकांड से जुड़े तीन लोग सेमरी चौराहे पर स्थित बैंक के पास मौजूद हैं। मामले को संज्ञान में लेते हुए पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई। तीनों संदिग्धों से पुलिस ने पूछताछ की कोशिश की तो भागने का प्रयास किए। मगर फोर्स अधिक होने के कारण पकड़ लिए गए।
पूछताछ में इन्होंने अपनी पहचान पिंटू पाल, पंकज निवासी पचमोहनी थाना ढेबरूआ और अतुल दुबे उर्फ विपिन दुबे निवासी गनवरिया पूरब थाना इटवा बताया। पूछताछ में तीनों ने विकास की हत्या की बात स्वीकारी। केस दर्ज करके तीनों को जेल भेज दिया गया।