पीएम केयर्स योजना से गोरखपुर के 11 समेत प्रदेश के 441 बच्चे लाभान्वित
पीएम केयर्स योजना का लाभ प्रदेश के कुल 441 बच्चों को मिला है जिनमें गोरखपुर के 11 बच्चे भी शामिल हैं। गोरखपुर से पात्र 11 बच्चों में दो बालिकाएं और नौ बालक हैं। इन 11 बच्चों में से 3 की आयु 18 वर्ष या इससे अधिक है जबकि8 बच्चे 18 वर्ष से कम आयु के हैं। जिन बच्चों की आयु 18 वर्ष या इससे अधिक है, उन्हें इस योजना के तहत 10 लाख रुपये की धनराशि उपलब्ध कराई गई है। जबकि 18 वर्ष से कम आयु वाले पात्र बच्चों को पात्रता के अनुसार 4 लाख से लेकर 9 लाख रुपये उपलब्ध कराए गए।
पीएम केयर्स योजना की धनराशि पोस्ट ऑफिस में जिलाधिकारी की गार्जियनशिप में खोले गए खातों में प्रेषित की गई। 18 वर्ष से कम आयु वाले पात्र बच्चों के 18 वर्ष के होने तक धनराशि फिक्स्ड डिपॉजिट के रूप में जमा रहेगी जो उनके 18 वर्ष के होने पर बढ़कर 10 लाख रुपये हो जाएगी। 18 से 23 वर्ष की आयु तक उन्हें 10 लाख रुपये पर प्रतिमाह 5500 रुपये ब्याज के रूप में मिलेंगे। 23 वर्ष की उम्र पूरी होने पर 10 लाख रुपये निकाले जा सकेंगे।
पीएम केयर्स योजना में पात्र बच्चों को 5 लाख रुपये निशुल्क इलाज की सुविधा के लिए प्रधानमंत्री आयुष्मान कार्ड भी उपलब्ध कराया गया है। साथ ही जो बच्चे कक्षा 1 से 12 तक में अध्ययनरत है, उसे पढ़ाई के लिए 20000 रुपये की वार्षिक छात्रवृत्ति भी दी जाएगी। पात्र बच्चों को केंद्र सरकार के आवासीय विद्यालयों में शिक्षा व्यवस्था कराई जाएगी।
गोरखपुर के 714 समेत प्रदेश के 16260 बच्चों का सहारा बनी योगी सरकार
योगी सरकार कोरोना काल में अपने माता पिता दोनों या किसी एक को खोने वाले प्रदेश के 16260 तथा गोरखपुर जनपद के 714 बच्चों का सहारा बनी है। मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के तहत प्रदेश के 11049 तथा गोरखपुर के 575 ऐसे बच्चों को प्रतिमाह चार 4000 रुपये दिए जा रहे हैं जिनके माता पिता दोनों, या किसी एक की मृत्यु कोरोना के कारण हुई। जबकि राज्य में मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना (सामान्य) के अंतर्गत 5211 और गोरखपुर के 139 बच्चों को प्रतिमाह 2500 रुपये दिए जा रहे हैं जिनके माता पिता दोनों या किसी एक की मृत्यु कोरोना काल में किसी अन्य कारणों से हुई। गोरखपुर में कोरोना काल में बेसहारा हुए और कक्षा 9 या इससे ऊपर की पढ़ाई करने वाले 116 बच्चों को योगी सरकार लैपटॉप भी प्रदान कर चुकी है।