मुख्यमंत्री ने गोरखपुर महोत्सव के मंच से जनता का आह्वान करते हुए कहा कि कोरोना से लड़ने और बचने के लिए जिस संयम, मर्यादा और अनुशासन का पालन अब तक सभी ने किया है, उसे आगे भी बनाए रखने की जरूरत है। हर कोई धैर्य रखते हुए कोरोना वैक्सीन के लिए अपनी बारी का इंतजार करें।
उन्होंने कहा कि मकर संक्रांति के बाद 16 जनवरी से कोरोना पर अंतिम प्रहार के लिए पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कोरोना वैक्सीनेशन का महाभियान शुरू हो रहा है। सभी के लिए इसकी सुविधा होगी लेकिन वैक्सीन के लिए उतावलापन न दिखाएं, भीड़ न लगाएं बल्कि संयम के साथ अपनी बारी की प्रतीक्षा करें। धीरे-धीरे सभी को वैक्सीन दी जाएगी।
आत्मनिर्भर भारत और वोकल फ़ॉर लोकल का आधार है ओडीओपी
गोरखपुर महोत्सव के जरिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक बार फिर ओडीओपी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत और वोकल फ़ॉर लोकल की परिकल्पना को साकार करने का आधार बताया। उन्होंने कहा कि यूपी की स्थापना का नोटिफिकेशन 24 जनवरी 1950 को हुआ था लेकिन पहली बार यूपी दिवस उनकी सरकार ने 2018 से मनाना शुरू किया। पहले ही वर्ष के समारोह में एक जिला एज उत्पाद (ओडीओपी) योजना शुरू की गई और हर जिले में इसका व्यापक प्रभाव देखने को मिला।
अब यह सर्वाधिक लोकप्रिय योजना है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूनियन बजट में भी इसे स्थान दिया है। दिवाली के दौरान टेराकोटा के एक शिल्पकार से हुई बातचीत का अनुभव साझा करते हुए सीएम योगी ने कहा कि लखनऊ के शिल्प मेले में उस कारीगर ने महज तीन दिन में 8 लाख रुपए के टेराकोटा शिल्प उत्पाद की बिक्री की थी। उन्होंने कहा कि ओडीओपी में शामिल टेराकोटा ने दिवाली पर दिए व मूर्तियों के बाजार से चीन का वर्चस्व समाप्त कर दिया।
सीएम ने कहा कि गोरखपुर में रेडीमेड गारमेंट का हब बनने की पूरी क्षमता है। इसके लिए प्रदेश सरकार पूरी कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि खाद व अन्य लोकल प्रोडक्ट स्वदेशी के जरिए आत्मनिर्भरता का माध्यम बनने में सक्षम हैं। मुख्यमंत्री ने गोरखपुर के चिड़ियाघर को प्रदेश का सबसे खूबसूरत चिड़ियाघर बनाने के साथ ही रामगढ़ताल परियोजना क्षेत्र में इसी साल एक भव्य ऑडिटोरियम का संचालन शुरू होने की जानकारी दी।
पाठ्यक्रम का हिस्सा बनेगी चौरीचौरा की घटना
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वाधीनता आंदोलन को निर्णायक दिशा देने वाली 4 फरवरी 1921 की चौरीचौरा की घटना के शताब्दी वर्ष पर पूरे साल कार्यक्रम होंगे ताकि आजादी दिलाने वाले महापुरुषों के प्रति श्रद्धा निवेदित हो सके। चौरीचौरा से कार्यक्रमों की शुरूआत होगी जो हर जिले में महापुरुषों की शहीद स्थली पर मनाया जाएगा। साथ ही चौरीचौरा घटना को स्कूल-कॉलेज के पाठ्यक्रमों का हिस्सा भी बनाया जाएगा।
महोत्सव की स्मारिका का किया विमोचन
महोत्सव के मुख्य मंच से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महोत्सव की स्मारिका अभ्युदय का विमोचन करते हुए आयोजन मंडल को इतने कम समय में महोत्सव के भव्य आयोजन के लिए बधाई भी दी।
मुख्यमंत्री ने नया सवेरा के प्रवेश द्वार व पैडलेगंज के पास स्थित बुद्ध द्वार का वर्चुअल लोकार्पण भी किया।
मोटरचालित ट्राइसाइकिल पाकर खिले दिव्यांगों के चेहरे
गोरखपुर महोत्सव में मोटरचालित ट्राइसाइकिल का तोहफा पाकर 100 दिव्यांगों के चेहरे खिल गए। मुख्यमंत्री ने महोत्सव के मंच से नौ दिव्यांगों को मोटरचालित ट्राइसाइकिल दिया तो वहीं समारोह में विभाग के अफसरों ने बाकी दिव्यांगों को मोटरचालित ट्राइसाइकिल सौंपी।
मुख्यमंत्री के हाथों गोरखपुर रत्न से सम्मानित हुई 10 विभूतियां
गोरखपुर महोत्सव के मुख्य मंच से सीएम योगी ने विभिन्न क्षेत्रों में देश एवं उसके बाहर गोरखपुर का गौरव बढ़ाने वाली 10 विभूतियों को गोरखपुर रत्न से सम्मानित किया। संगीत के क्षेत्र में भजन गायक नंदू मिश्रा, सेवा के क्षेत्र में राष्ट्रपति पुरस्कार से सम्मानित नागरिक सुरक्षा के चीफ वार्डेन डॉ संजीव गुलाटी, चिकित्सा के क्षेत्र में नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ नरेंद्र मोहन सेठ, विज्ञान के क्षेत्र में गॉड पार्टिकल की खोज करने वाली टीम की सदस्य डॉ मीनाक्षी नारायण (भतीजी ने लिया सम्मान), कालानमक चावल की पांच प्रजातियों की खोज करने वाले कृषि विज्ञानी डॉ रामचेत चौधरी, खेल के क्षेत्र में हॉकी खिलाड़ी ओलंपियन अली सईद व अर्जुन अवार्डी प्रेम माया, अंतरराष्ट्रीय पहलवान अमरनाथ यादव, उद्यमी ज्योति मस्करा को यह सम्मान प्रदान किया गया। मुख्यमंत्री ने महोत्सव के प्रायोजकों को भी सम्मानित किया।