फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गोरखपुर में एल-2 और एल-3 के बेड बढ़ाकर एक हजार किए जाएंगे

विज्ञापन
विज्ञापन
गोरखपुर में एल-2 और एल-3 के बेड बढ़ाकर एक हजार किए जाएंगे
विज्ञापन

गोरखपुर। दो दिवसीय दौरे पर मंगलवार को गोरखपुर पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एनेक्सी भवन में स्वास्थ्य एवं प्रशासन के अधिकारियों के साथ कोविड-19 की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने गोरखपुर में एल-2 और एल-3 के बेडों की संख्या बढ़ाकर एक हजार करने का निर्देश दिया। उन्होंने चेताया कि किसी भी दशा में ऐसी स्थिति नहीं आनी चाहिए कि किसी मरीज का इलाज बेड के अभाव में न हो पाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि होम आइसोलेट मरीजों की नियमित निगरानी की जाए और सुनिश्चित किया जाए कि उन्हें किसी भी तरह की दिक्कत न होने पाए। कमिश्नर जयंत नार्लिकर ने बताया कि जल्द ही बीआरडी मेडिकल कॉलेज में तकरीबन बनकर तैयार हो चुके बाल रोग संस्थान में एल-2 और एल-3 के 300 बेड का कोविड अस्पताल बनेगा। शुरूआत पहले 100 बेड से होगी फिर 200 और बेड बढ़ाए जाएंगे। इस संबंध में मुख्यमंत्री ने सहमति जता दी है। सीएम ने शासन से बात कर जरूरी संसाधन मुहैया कराने के निर्देश दिए हैं। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने देवरिया, कुशीनगर और महराजगंज में भी एल-2 और एल-3 के 50 से लेकर 100 बेड बढ़ाने का निर्देश दिया। बैठक में कमिश्नर जयंत नार्लिकर, डीएम के. विजयेंद्र पांडियन समेत स्वास्थ्य विभाग के कई अफसर मौजूद रहे।
विज्ञापन

रोजाना 2500 लोगों की कराएं जांच
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक अफसरों को निर्देश दिया कि एंटीजन किट से रोजाना 2500 लोगों की जांच कराई जाए। डोर टू डोर सर्वे कराकर अधिक से अधिक लोगों की जांच सुनिश्चित की जाए। बुजुर्गों, पहले से बीमार लोगों को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में ज्यादा कोरोना संक्रमितों की संख्या मिल रही है, वहां पर कंटेनमेंट जोन बनाकर घर-घर जांच कराई जाए और अधिक से अधिक कांटेक्ट ट्रेसिंग भी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने हर अस्पताल में आग से बचाव की व्यवस्था भी दुरुस्त रखने का निर्देश दिया। सीएम ने कहा कि इंटीग्रेटेड कंट्रोल कमांड रूम में डिप्टी सीएमओ स्तर का एक अधिकारी तैनात किया जाए, जो मरीजों से संवाद स्थापित कर उन्हें सभी जरूरी सलाह दे सके।
बाढ़ का सर्वे भी किया, अफसरों को दिए निर्देश
सहजनवां तहसील के पाली में राहत सामग्री वितरण के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सहजनवां एवं उसके आसपास के इलाकों का हेलीकाप्टर से एरियल सर्वे किया। लौटने के बाद बैठक में उन्होंने स्वास्थ्य विभाग, नगर निगम, जीडीए और पंचायतीराज विभाग को निर्देश दिए कि जहां भी पानी ज्यादा दिनों से एकत्रित है वहां पर्याप्त संख्या में क्लोरीन की गोली वितरित करने के साथ ही लोगों को गरम कर पानी पीने के लिए जागरूक किया जाए। शहरी क्षेत्र में जलभराव को लेकर उन्होंने मोबाइल पंप बढ़ाने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि संचारी रोग के मरीजों की संख्या काफी हद तक कम हुई है, मगर सफाई व्यवस्था और शुद्ध पानी को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जंगल कौड़िया फोरलेन : देरी पर सीएम नाराज, तय होगी जवाबदेही
- तीन शिफ्टों में 500 मजदूर लगाकर काम में तेजी लाने का निर्देश
- गोरखपर-वाराणसी, देवरिया, मेडिकल कॉलेज रोड निर्माण की भी गति बढ़ाने को कहा
- बारिश का बहाना बनाकर पूरी तरह ठप नहीं कर सकेंगे सड़कों का निर्माण कार्य
गोरखपुर। मोहद्दीपुर-जंगल कौड़िया फोरलेन निर्माण कार्य में देरी पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नाराजगी जताते हुए जवाबदेही तय कर संबंधित अफसरों, कांट्रेक्टर पर कार्रवाई का निर्देश दिया है। उन्होंने तीन शिफ्टों में 500 मजदूर लगाकर इस फोरलेन का निर्माण कार्य जल्द पूरा कराने का निर्देश दिया।
कोविड-19 की समीक्षा के बाद मुख्यमंत्री जिले की प्रमुख सड़कों को लेकर एनएचएआई और एनएच के अफसरों के साथ बैठक कर रहे थे। इस दौरान कमिश्नर और डीएम भी मौजूद रहे। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि बारिश का बहाना बनाकर सड़कों का निर्माण कार्य पूरी तरह ठप नहीं होना चाहिए। बारिश हो तो संबंधित सड़कों से जुड़े ऐसे काम किए जाएं जो बारिश की वजह से प्रभावित नही होते हों। जैसे ही बारिश थमे सड़क निर्माण का काम शुरू कर दिया जाए।
विज्ञापन

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने गोरखपुर-वाराणसी, देवरिया फोरलेन, असुरन-मेडिकल कॉलेज आदि निर्माणाधीन सड़कों की भी समीक्षा की और काम की रफ्तार बढ़ाकर उन्हें जल्द पूरा करने को कहा। उन्होंने कमिश्नर और डीएम को लगातार सड़कों के निर्माण कार्य की मॉनीटरिंग करते रहने और लापरवाही पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया। बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत में कमिश्नर जयंत नार्लिकर ने बैठक की जानकारी देते हुए बताया कि जाड़े तक ज्यादातर सड़कों का निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें